चेतेश्वर पुजारा © AFP
चेतेश्वर पुजारा © AFP

भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच खेले जा रहे तीसरे टेस्ट मैच के तीसरे दिन का खेल खत्म होने तक भारत ने 360/6 का स्कोर बना लिया है। जबकि क्रीज में चेतेश्वर पुजारा (130) और रिद्धिमान साहा (18) पर नाबाद हैं। ऑस्ट्रेलिया द्वारा पहली पारी में बनाए गए 451 रनों के जवाब में भारतीय टीम अभी भी ऑस्ट्रेलिया से 91 रन पीछे है। ऑस्ट्रेलिया की तरफ से पेट कमिंस ने सबसे ज्यादा (4) विकेट झटके, तो वहीं जॉश हेजलवुड और स्टीव ओ’कीफे को 1-1 विकेट मिला। भारत की तरफ से चेतेश्वर पुजारा ने बेहतरीन बल्लेबाजी का परिचय दिया और किसी भी गेंदबाज को खुद पर हावी नहीं होने दिया। वहीं ऑस्ट्रेलिया की तरफ से कमिंस ने दूसरे छोर से लगातार विकेट निकाले और अपनी टीम को मैच में बनाए रखा।

टी के बाद 303/4 के स्कोर से आगे खेलने उतरी भारतीय टीम को जल्द ही करुण नायर के रूप में पांचवां झटका लग गया और नायर को कमिंस ने (23) रनों के निजी योग पर आउट कर ऑस्ट्रेलिया को जरूरी सफलता दिला दी। इसके बाद कमिंस ने रविचंद्रन अश्विन को बी ज्यादा देर तक क्रीज पर टिकने नहीं दिया और उन्हें विकेटकीपर वेड के हाथों कैच करा भारत को छठा झटका दे दिया। हालांकि एक छोर पर पुजारा ने रन बनाने का सिलसिला जारी रखा और स्कोर को 350 के पार पहुंचा दिया। पुजारा पर कोई भी कंगारू गेंदबाज अपना प्रभाव नहीं छोड़ सका और वह आराम से अपनी पारी को आगे बढ़ाते रहे। अश्विन के आउट होने के बाद साहा ने पुजारा का साथ दिया और टिककर बल्लेबाजी की। दोनों ने दिन का खेल खत्म होने तक भारत को कोई और झटका नहीं लगने दिया। [भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया, तीसरा क्रिकेट टेस्ट मैच, लाइव स्कोरकार्ड जानने के लिए क्लिक करें...]

इससे पहले चाय तक भारत ने 303/4 का स्कोर बनाया था। भारत की तरफ से चेतेश्वर पुजारा ने शानदार बल्लेबाजी का मुजाहिरा पेश किया और अपने टेस्ट करियर का 11वां शतक ठोका। लंच के बाद 193/2 से आगे खेलने उतरी भारतीय टीम का तीसरा विकेट भी जल्दी गिर गया। विराट कोहली अपनी खराब फॉर्म से उबर नहीं सके और मात्र (6) रन बनाकर कमिंस का शिकार हुए। वहीं दूसरे छोर पर पुजारा ने लगातार रन बनाने का सिलसिला जारी रखा और एक छोर पर टिके रहे। कोहली के बाद बल्लेबाजी के लिए आए रहाणे भी कुछ खास नहीं कर सके और खराब शॉट खेलने के प्रयास में विकेटकीपर मैथ्यू वेड को कैच थमाकर चलते बने। रहाणे ने आउट होने से पहले (14) रनों का योगदान दिया। रहाणे के आउट होने के बाद भी पुजारा नहीं रुके और उन्होंने लगातार रन बनाए। देखते ही देखते पुजारा ने अपना शतक ठोक दिया। रहाणे के बाद नायर ने पुजारा का साथ दिया और कोई विकेट नहीं गिरने दिया।

तीसरे दिन लंच तक भारत का स्कोर 193/2 हो गया था लंच से ठीक पहले कीफे की गेंद पर मुरली विजय (82) रन बनाकर आउट हुए। विजय के आउट होते ही लंच की भी घोषणा कर दी गई। भारतीय टीम ने धीरे-धीरे अपने स्कोर को आगे बढ़ाया और ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों को विकेटों के लिए तरसाए रखा। मुरली विजय और चेतेश्वर पुजारा ने सूझ-बूझ भरी बल्लेबाजी की और कमजोर गेंदों को बाउंड्री के बाहर भेजना भी नहीं भूले। इसी बीच दोनों खिलाड़ीयों के बीच शतकीय साझेदारी भी हुई। दोनों खिलाड़ियों के बीच 102 रनों की साझेदारी हुई। ऑस्ट्रेलिया की तरफ से तीसरे दिन सिर्फ कीफे को ही एक विकेट मिल सका।

तीसरे दिन मुरली विजय ने भी अपना अर्धशतक पूरा किया। वहीं दूसरे छोर पर चेतेश्वर पुजारा ने भी विजय का अच्छा साथ दिया और अपनी एकाग्रता भंग नहीं होने दी। लेकिन लंच से ठीक पहले भारत को दूसरा झटका लग गया और जब लगने लगा कि विजय अपना शतक लगा लेंगे तभी विजय आउट हो गए। इससे पहले दूसरे दिन का खेल खत्म होने तक भारत ने एक विकेट के नुकसान पर 120 रन बना लिए थे। दूसरे दिन ऑस्ट्रेलिया की तरफ से एकमात्र सफलता पेट कमिंस को ही मिली। पहली पारी में बल्लेबाजी के लिए उतरी भारतीय टीम के दोनों सलामी बल्लेबाजों ने टीम को बेहतरीन शुरुआत दिलाई और पहले विकेट के लिए 91 रनों की साझेदारी निभाई। इसी बीच के एल राहुल ने अपना अर्धशतक पूरा किया। लेकिन जब वह अच्छी लय में दिख रहे थे, तभी कमिंस की शॉर्ट गेंद पर वह (67) रन बनाकर विकेटकीपर के हाथों कैच आउट हो गए। इसके बाद बल्लेबाजी के लिए पुजारा ने विजय का अच्छा साथ दिया औक दिन का खेल खत्म होने तक भारत को कोई और झटका नहीं लगने दिया। भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया, तीसरे टेस्ट के तीसरे दिन के लाइव ब्लॉग को पढ़ने के लिए क्लिक करें

दूसरे दिन टी के स्कोर 21/0 से आगे खेलने उतरी भारतीय टीम के दोनों सलामी बल्लेबाजों ने समझ-बूझ के साथ बल्लेबाजी की और भारत के स्कोर को आगे बढ़ाते रहे। दोनों का ही चलना भारत के लिए अच्छी बात है, क्योंकि भारतीय टीम लगातार फ्लॉप होती सलामी जोड़ी से परेशान थी। इसी बीच के एल राहुल ने अपने टेस्ट करियर का पांचवां टेस्ट अर्धशतक लगाया। साथ ही इस सीरीज में उनके बल्ले से निकलने वाला यह चौथा अर्धशतक है। दूसरे छोर पर विजय ने भी राहुल का अच्छा साथ दिया। लेकिन जब राहुल की नजरें जमती हुईं दिख रहीं थीं, तभी कमिंस की शॉर्ट गेंद पर राहुल गच्चा खा गए और विकेटकीपर को कैच थमा बैठे। राहुल के बाद बल्लेबाजी के लिए आए चेतेश्वर पुजारा ने विजय का अच्छा साथ दिया और दोनों ने दूसरे दिन का खेल खत्म होने तक कोई और विकेट नहीं गिरने दिया।

दूसरा दिन लंच इससे पहले दूसरे दिन लंच तक ऑस्ट्रेलिया ने 7 विकेट के नुकसान पर 401 रन बनाए थे। लंच से ठीक पहले भारतीय गेंदबाजों ने ऑस्ट्रेलिया के 3 विकेट झटके। और तीनों ही विकेट जडेजा को हासिल हुए। जडेजा ने पहले मैक्सवेल को पवेलियन लौटाया और फिर वेड और पेट कमिंस को एक ही ओवर में चलता कर दिया। साथ ही जडेजा ने अपने विकटों की संख्या 4 पहुंचा दी। इसी बीच समिथ ने अपने 150 रन भी पूरे कर लिए। तीसरे दिन कल के स्कोर (299/4) से आगे खेलने उतरी ऑस्ट्रेलिया के दोनों नाबाद बल्लेबाजों ने आते ही आक्रामक रुख अपनाया और लगातार गेंदों को बाउंड्री के बाहर भेजा। इसी बीच मैक्सवेल ने अपने टेस्ट करियर का पहला शतक ठोक दिया और इसके साथ ही वह तीनों फॉर्मेट में शतक लगाने वाले दुनिया के कुल 13वें और ऑस्ट्रेलिया के दूसरे बल्लेबाज बन गए।

स्मिथ और मैक्सवेल के बीच पांचवें विकेट के लिए 191 रनों की साझेदारी हुई, जो कि इस सीरीज की यह अब तक की सबसे बड़ी साझेदारी है। स्मिछ एक छोर से लगातार सूझबूझ भरी बल्लेबाजी करते रहे। हालांकि शतक पूरा करने के बाद मैक्सवेल ज्यादा देर तक क्रीज पर नहीं रुक सके और उन्हें जडेजा ने अपना शिकार बना भारत को पांचवीं सफलता दिला दी। मैक्सवेल के आउट होने के बाद वेड क्रीज पर आए और उन्होंने स्मिथ के साथ मिलकर टीम के स्कोर को आगे बढ़ाया। लेकिन लंच जडेजा ने उन्हें ज्यादा देर क्रीज पर रुकने नहीं दिया और उन्हें भी पवेलियन भेज दियाय़ इसके बाद कमिंस को भी जडेजा ने आउट कर भारत को सातवीं सफलता दिला दी।

पहले दिन के खेल की समाप्ति पर ऑस्ट्रेलिया ने 4 विकेट पर 299 रन बना लिए थे। उनके दो बल्लेबाज स्टीवन स्मिथ 117 और ग्लेन मैक्सवेल 82 रन बनाकर क्रीज पर डटे हुए थे। पहले दिन ऑस्ट्रेलिया ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया। ऑस्ट्रेलिया के दोनों सलामी बल्लेबाज मैट रेनशॉ 44 और डेविड वॉर्नर 19 रन बनाकर आउट हुए। दोनों ने पहले विकेट के लिए 50 रन जोड़े। शॉन मार्श ने 2 रन बनाए वहीं पीटर हैंड्सकॉम्ब भी 19 रन बनाकर आउट हुए। पहले दिन की सबसे बड़ी साझेदारी स्टीवन स्मिथ और ग्लेन मैक्सवेल के बीच देखने को मिली। दोनों पांचवें विकेट के लिए अब तक 159 रनों की साझेदारी कर चुके हैं। भारत की ओर से उमेश यादव ने सर्वाधिक 2, वहीं अश्विन, जडेजा ने 1-1 विकेट लिए। पहले दिन जैसी की उम्मीद की जा रही थी बल्लेबाजों को खेलने में कोई परेशानी नहीं उठानी पड़ी और उन्होंने खुलकर स्ट्रोक खेले। ऑस्ट्रेलिया ने पहले सेशन में 109 रनों पर अपने तीन विकेट गंवा दिए थे। लेकिन दूसरे सेशन में जबरदस्त वापसी करते हुए और कुल 1 विकेट गंवाया।

पहला दिन रांची की स्पिन फ्रेंडली पिच पर ऑस्ट्रेलिया के कप्तान स्टीव स्मिथ ने टॉस जीता और पहले बल्लेबाजी चुनी। ऑस्ट्रेलियाई टीम दो बदलावों के साथ मैदान पर उतरी। मिचेल स्टार्क की जगह तेज गेंदबाज पैट कमिंस और मिचेल मार्श की जगह ऑलराउंडर ग्लेन मैक्सवेल को टीम में जगह मिली। कंगारू टीम के लिए ओपनिंग करने उतरे डेविड वॉर्नर और मैथ्यू रेनशॉ, दोनों ने बेहद ही तेज शुरुआत की। ऑस्ट्रेलिया के दोनों ओपनर्स ने खुलकर शॉट खेले और सिर्फ 57 गेंद में अर्धशतकीय साझेदारी कर दी। लेकिन मैच के 10वें ओवर में टीम इंडिया ने पलटवार किया और जडेजा ने डेविड वॉर्नर को 19 रन पर पैवेलियन भेज दिया।

वॉर्नर जडेजा की फुलटॉस गेंद पर उन्हीं को कैच थमा बैठे। वॉर्नर के पैवेलियन लौटने के बाद कप्तान स्टीव स्मिथ ने मोर्चा संभाला और चौका लगाकर अपना खाता खोला, दूसरी ओर क्रीज पर टिके ओपनर रेनशॉ ने भी बेधड़क अपने शॉट खेलने जारी रखे। मगर ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों की यही आक्रामकता उनके लिए उस वक्त भारी पड़ गई जब उमेश यादव ने मैथ्यू रेनशॉ को आउट कर दिया। उमेश की गेंद पर रेन शॉ 44 रन बनाकर आउट हुए उनका कैच कप्तान विराट कोहली ने स्लिप में पकड़ा। ठीक 22 गेंद बाद टीम इंडिया ने ऑस्ट्रेलिया को तीसरा झटका दिया। आर अश्विन ने शॉन मार्श को सिर्फ 2 रन पर पैवेलियन भेज दिया। अश्विन की गेंद पर चेतेश्वर पुजारा ने मार्श का शानदार कैच पकड़ा, लेकिन अंपायर ने उन्हें आउट नहीं दिया।

ऐसे में टीम इंडिया के कप्तान विराट कोहली ने डीआरएस का इस्तेमाल करते हुए रिव्यू की मांग की और साफ हो गया कि गेंद मार्श के बल्ले को छूकर पुजारा के पास गई थी और इस तरह ऑस्ट्रेलिया ने अपने 3 विकेट सिर्फ 89 रन पर गंवा दिए। ये भी पढ़ें: ये नंबर वन यारी है

ऑस्ट्रेलिया का पलटवार: पहला सेशन गंवाने के बाद ऑस्ट्रेलियाई कप्तान स्टीवन स्मिथ मैदान पर उतरे और उन्होंने अपने साथी बल्लेबाज पीटर हैंड्सकॉम्ब के साथ संभली शुरुआत की। दोनों ही बल्लेबाजों ने खासकर स्मिथ ने ईशांत शर्मा और रविंद्र जडेजा के खिलाफ बेहद धैर्य से बल्लेबाजी की। स्मिथ ने पहले अपना अर्धशतक पूरा किया और उसके साथ साथ उन्होंने हैंड्सकॉम्ब के साथ अपनी साझेदारी को भी 50 के पार पहुंचाया। ऑस्ट्रेलिया की इस खतरनाक जोड़ी को तोड़ा उमेश यादव ने जिन्होंने अपनी शानदार रिवर्स स्विंग से हैंड्सकॉम्ब को छकाते हुए LBW आउट किया।

हैंड्सकॉम्ब 19 रन बनाकर पैवेलियन लौटे। 140 रन पर चौथा झटका लगने के बाद ऑस्ट्रेलियाई टीम ने भारत को कोई मौका नहीं दिया। स्मिथ और ऑलराउंडर ग्लेन मैक्सवेल विकेट पर टिक गए। 57वें ओवर में ईशांत शर्मा की गेंद पर ग्लेन मैक्सवेल के खिलाफ LBW अपील जरूर हुई, टीम इंडिया ने डीआरएस का इस्तेमाल भी किया लेकिन ईशांत की गेंद नो बॉल निकली और मैक्सवेल पैवेलियन नहीं लौट सके। दूसरी ओर कंगारू कप्तान स्टीव स्मिथ ने टेस्ट क्रिकेट में अपने 5000 रन पूरे किए उन्होंने सिर्फ 97 पारियों में इस आंकड़े को छुआ। स्टीव स्मिथ की पारी की बदौलत ही ऑस्ट्रेलियाई टीम ने दूसरे सेशन में भारतीय टीम पर पलटवार किया।