Anmolpreet Singh, Ishan Kishan, Shivam Mavi and Other Youngsters To Watch Out For in Ranji Trophy 2018-19
ishan kishan Photo Courtesy: Twitter(File Photo)

देश के सबसे प्रतिष्ठित घरेलू क्रिकेट टूर्नामेंट रणजी ट्रॉफी (2018-19) का नया सीजन गुरुवार यानी एक नवंबर से शुरू हो रहा है। इस बार टूर्नामेंट में 9 नई टीमों सहित कुल 37 टीमें हिस्‍सा लेंगी।

अलग-अलग वेन्‍यू पर लगभग 100 मैच खेले जाएंगे। टूर्नामेंट में कई इंटरनेशनल तो कई घरेलू दिग्‍गज खिलाड़ी भी जोर आजमाइश करते हुए नजर आएंगे। युवा खिलाडि़यों के लिए ये एक अच्‍छा प्‍लेटफॉर्म है जहां वे अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सेलेक्‍टर्स का ध्‍यान अपनी ओर आकर्षित करने की कोशिश करेंगे।

इस बार कई ऐसे युवा खिलाड़ी हैं जिनपर सभी की निगाहें होंगी। इनमें पंजाब के अनमोलप्रीत सिंह, झारखंड के विकेटकीपर इशान किशन, शिवम मावी और तुषार देशपांडे सरीखे खिलाड़ी शामिल हैं।

अनमोलप्रीत सिंह (बल्‍लेबाज)

20 साल के दाएं हाथ के बल्‍लेबाज अनमोलप्रीत सिंह ने पिछले वर्ष रणजी ट्रॉफी में यादगार डेब्‍यू किया था। उन्‍होंने 5 मैचों में 125.50 की औसत से कुल 753 रन बनाए थे।

2017-18 रणजी सीजन में अनमोलप्रीत सिंह ने 50, 113, 267, 12, 40, नाबाद 252 और 19 रन का स्‍कोर किया था। इससे बढि़या अनमोलप्रीत का फर्स्‍ट क्‍लास में डेब्‍यू नहीं हो सकता था। पंजाब का ये बल्‍लेबाज उस सीजन में सबसे अधिक रन बनाने वाले बल्‍लेबाजों की लिस्‍ट में चौथे नंबर पर था।

हाल में संपन्‍न विजय हजारे ट्रॉफी में अनमोलप्रीत ने 35, 141, 138, 16 और 59 रन की पारी खेली थी।

इशान किशन (विकेटकीपर बल्‍लेबाज)

2016 में भारत को अपनी कप्‍तानी में अंडर-19 वर्ल्‍ड कप के फाइनल में पहुंचाने वाले झारखंड के विकेटकीपर इशान किशन ने पिछले कुछ समय से घरेलू टूर्नामेंट में अच्‍छा प्रदर्शन किया है।

झारखंड टीम के कप्‍तान इशान ने 2017-18 (6 मैचों में 484 रन) सत्र में अच्‍छा प्रदर्शन किया था। उन्‍होंने इस वर्ष विजय हजारे ट्रॉफी में 405 रन बनाए थे। इशान देवधर ट्रॉफी के फाइनल में शतक लगाने वाले सौरव गांगुली (18 साल) के बाद दूसरे सबसे युवा बल्‍लेबाज हैं।

बाएं हाथ के इस बल्‍लेबाज ने 2016-17 रणजी सीजन के 10 मैचों में कुल 799 रन बनाए थे। इस दौरान तीन शतकीय और दो अर्धशतकीय पारी खेली थी। इशान के शानदार प्रदर्शन से झारखंड पहली बार सेमीफाइनल में पहुंचने में सफल रहा था।

तुषार देशपांडे (गेंदबाज)

23 साल के मुंबई के तेज गेंदबाज तुषार देशपांडे ने अपना फर्स्‍ट क्‍लास डेब्‍यू 2016-17 में तमिलनाडु के खिलाफ किया था। उन्‍होंने पहली पारी में चार विकेट लिए थे। डेब्‍यू सीजन में तुषार ने 8 मैच खेले जिसमें 32.71 की औसत से कुल 21 विकेट लिए।

इस साल मुंबई टीम ने विजय हजारे ट्रॉफी अपने नाम की थी। तुषार ने विजय हजारे ट्रॉफी के 3 नॉकआउट मैचों में कुल 10 विकेट झटके जिसमें 5 विकेट हॉल भी शामिल है।

शिवम मावी :- (गेंदबाज)

उत्‍तरप्रदेश के 19 साल के तेज गेंदबाज शिवम मावी  को अब भी फर्स्‍ट क्‍लास में डेब्‍यू का इंतजार है। मावी इस वर्ष की शुरुआत में पहली बार अंडर-19 विश्‍व कप में अपनी तेज गेंदबाजी के कारण चर्चा में आए थे।

भारतीय टीम ने न्‍यूजीलैंड में आयोजित अंडर-19 विश्‍व कप पृथ्‍वी शॉ की कप्‍तानी में जीता था। इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट में दाएं हाथ के तेज गेंदबाज मावी ने 6 मैचों में 9 विकेट लिए थे। इस दौरान उनका औसत 18.88 का रहा था।

अंडर-19 विश्‍व कप में शानदार प्रदर्शन का इनाम उन्‍हें इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) की नीलामी में मिला। मावी को कोलकाता नाइटराइडर्स फ्रेंचाइजी ने 3.2 करोड़ रुपये में अपने साथ जोड़ा

केकेआर से जुड़ने से मावी को काफी फायदा हुआ। उन्‍हें दक्षिण अफ्रीका के पूर्व ऑलराउंडर जैक्‍स कैलिस और ऑस्‍ट्रेलियाई दिग्‍गज साइमन कैटिच से सीखने को खूब मिला। दोनों ने मावी को शारीरिक और मानसिक रूप से मजबूत होने में अहम भूमिका निभाई।

मावी ने इस वर्ष विजय हजारे ट्रॉफी में डेब्‍यू किया। उन्‍होंने पहले ही मैच में सौराष्‍ट्र के खिलाफ हैट्रिक लेकर खूब वाहवाही लूटी। इस टूर्नामेंट में उन्‍होंने कुल 8 विकेट लिए। इस प्रदर्शन का इनाम उन्‍हें रणजी ट्रॉफी टीम में शामिल होकर मिला। उन्‍हें इस बार उत्‍तर प्रदेश की रणजी टीम में जगह दी गई है।