- Home
- News
- England v India at Manchester, Aug 31, 2011: When Rahul Dravid hits 3 consecutive sixes in an over
जब राहुल द्रविड़ ने जड़ थे लगातार 3 गेंदों पर 3 छक्के
राहुल द्रविड़ के इस कारनामे के बारे में जिसके बाद द्रविड़ के प्रति लोगों की सोच ही बदल गई
Published On Sep 30, 2016, 01:46 PM IST
Last UpdatedSep 30, 2016, 01:46 PM IST

वैसे तो राहुल द्रविड़ को सब टेस्ट बल्लेबाज के तौर पर जानते हैं। टेस्ट मैचों में जब भारत की स्थिति खराब होती थी ऐसे में लोगों को बस द्रविड़ की याद आती थी। टेस्ट में उनकी बल्लेबाजी की शैली के कारण लोग उन्हें दीवार, भरोसेमंद और कई अन्य नामों से पुकारते थे। राहुल द्रविड़ की बल्लेबाजी की शैली को देखकर सब उन्हें टेस्ट के लायक ही समझते थे। लेकिन द्रविड़ ने सबको गलत ठहराते हुए पहले अपनी जगह वनडे टीम में पक्की की फिर उसके बाद इंग्लैंड दौरे पर टी-20 मैच में जो किया उसके बाद तो लोगों का उनके प्रति नजरिया ही बदल गया। लोगों की नजर में अब वह ऐसे बल्लेबाज बन चुके थे जो किसी भी फॉर्मेट में अच्छा खेल दिखा सकता था। तो आखिर क्या किया था राहुल द्रविड़ ने इंग्लैंड दौरे के उस टी-20 मुकाबले में जिसके बाद लोगों का उनके प्रति नजरिया बदल गया। आखिर टेस्ट बल्लेबाज माने जाने वाले राहुल ने उस टी-20 मुकाबले में ऐसा क्या किया कि लोग कहने लगे कि द्रविड़ सिर्फ टेस्ट में ही नहीं बल्कि खेल के किसी भी फॉर्मेट में टीम के लिए अच्छा कर सकते हैं। तो आइए आपको बताते हैं राहुल द्रविड़ के उस कारनामे के बारे में जिसके बाद द्रविड़ के प्रति लोगों की सोच ही बदल गई।
इंग्लैंड के मैनचेस्टर में आज से ठीक पांच साल पहले राहुल द्रविड़ ने अपना पहला और आखिरी टी-20 मैच खेला था। लेकिन अपनी दमदार बल्लेबाजी के दम पर उन्होंने उस मुकाबले को यादगार बना दिया। उस मैच में न ही राहुल द्रविड़ ने कोई बड़ी पारी खेली थी और न ही भारत उस मुकाबले को जीत पाया भिर भी वो पल राहुल द्रविड़ की जिंदगी में एक यादगार छाप छोड़ गया। भारत की पारी का 11वां ओवर चल रहा था इंग्लैंड की तरफ से गेंदबाजी का दारोमदार समित पटेल के कंधों पर था। समित पटेल की पहली गेंद पर द्रविड़ ने एक रन लिया और छोर बदलकर नॉनस्ट्राइकर छोर पर आ गए। अगली गेंद पर रहाणे ने एक रन लिया जिससे द्रविड़ फिर स्ट्राइक पर थे, अगली यानी तीसरी गेंद में द्रविड़ ने 2 रन चुराए। लेकिन उसके बाद जो हुआ उसकी कल्पना किसी ने भी नहीं की होगी। ये भी पढ़ें: इस तारीख को हो सकती है युवराज सिंह-हेजल कीच की शादी
समित पटेल की अगली तीनों गेंदों यानी चौथी, पांचवीं और छठी गेंद पर राहुल द्रविड़ ने लगातार तीन छक्के लगाए। समित पटेल की चौथी गेंद पर द्रविड़ ने लॉन्ग ऑन के ऊपर से गेंद को सीमा रेखा के बाहर भेजा, पांचवीं गेंद पर द्रविड़ ने आगे बढ़कर फिर से लॉन्ग ऑन के ऊपर से 6 रनों के लिए भेजा। इस तरह से द्रविड़ लगातार 2 गेंदों पर 2 छक्के जड़ चुके थे अब बारी थी समित पटेल के ओवर की आखिरी गेंद की और राहुल द्रविड़ उस दिन कुछ और ही सोच कर मैदान पर आए थे समित की अंतिम गेंद पर भी द्रविड़ ने अपने हाथ खोलते हुए मिडविकेट के ऊपर से गेंद को बाउंड्री के बाहर भेज दिया।
मैदान पर जो कुछ भी घट रहा था उस पर यकीन करना मुश्किल हो रहा था क्योंकि किसी ने भी राहुल द्रविड़ से इस तरह की बल्लेबाजी की उम्मीद नहीं की थी। लेकिन द्रविड़ की बल्लेबाजी को देखकर दर्शकों में खुशी की लहर दौड़ गई और मैदान पर सब राहुल-राहुल चिल्लाने लगे। आखिर में राहुल द्रविड़ उस मैच में 21 गेंदों में 31 रन बनाकर आउट हुए थे जिसमें 3 गगनचुंबी छक्के भी शामिल थे। हालांकि भारत उस मुकाबले को जीत नहीं पाया था और रोमांचक मुकाबले में इंग्लैंड ने भारत को 6 विकेट से हरा दिया था।
अंतरराष्ट्रीय मैचों की तरह द्रविड़ ने आईपीएल में भी अपना जलवा दिखाते हुए कई पारी में तेज तर्रार रन बनाए। द्रविड़ आईपीएल में रॉयल चैलेंजर्स बैगलोर और राजस्थान रॉयल्स के लिए खेल चुके हैं। राहुल द्रविड़ फिलहाल भारतीय अंडर 19 टीम और इंडिया ए के कोच की भूमिका निभा रहे हैं। साफ है युवा खिलाड़ियों को द्रविड़ से काफी कुछ सीखने को मिलेगा और इससे भारतीय टीम को अच्छे युवा खिलाड़ी मिल सकेंगे। द्रविड़ खेल के हर फॉर्मेट में टीम के भरोसेमंद खिलाड़ी रह चुके हैं।