श्रीलंका टीम © Getty Images
श्रीलंका टीम © Getty Images

क्रिकेट के खेल में बल्लेबाजी और गेंदबाजी अच्छी करने के बाद भी अगर कोई टीम अच्छी फील्डिंग नहीं करती है तो उसका जीतना मुश्किल हो जाता है। कई बार तो एक कैच ने किसी टीम को पूरा मैच जिताया है लेकिन एक छूटा कैच मैच का रुख बदल भी देता है। पाकिस्तान बनाम श्रीलंका मैच की कहानी भी कुछ ऐसी ही है। श्रीलंका टीम ने सरफराज अहमद के एक नहीं बल्कि दो कैच छोड़े और लगभग तीन बार उन्हें रन आउट करने का मौका गंवाया। गौरतलब है कि सारे कैच तेज गेंदबाज लसिथ मलिंगा की गेंद पर छोड़े गए। 237 का लक्ष्य इतना छोटा नहीं था जिसे बचाया ना जा सके, हमने देखा है कि कई बार टीमों ने इससे भी छोटे लक्ष्य बचाए हैं लेकिन उसके लिए कसी गेंदबाजी और चुस्त फील्डिंग की जरूरत होती है, जिसमें श्रीलंका टीम चूक गई।

श्रीलंका टीम ने शुरुआत में शानदार गेंदबाजी की और 137 के स्कोर पर पाकिस्तान के 6 विकेट गिरा दिए। श्रीलंका जीत के काफी करीब आ पहुंची थी लेकिन पाक टीम के कप्तान सरफराज अहमद का कैच छोड़ना टीम को भारी पड़ गया। आखिरी के ओवर में जब श्रीलंका को अपनी फील्डिंग से पाकिस्तान पर दबाव बनाना चाहिए था तब श्रीलंकन खिलाड़ियों में फील्डिंग में अनगिनत गलतियां की। छह विकेट गिरने के बाद पाकिस्तान टीम की पारी की कमान कप्तान सरफराज के हाथों में थी। जैसे जैसे लक्ष्य करीब आ रहा था सरफराज कई रिस्की रन ले रहे थे। इस बीच श्रीलंका टीम को उन्हें रन आउट करने के कई मौके मिले लेकिन खराब फील्डिंग के चलते श्रीलंका एक भी मौका भुना नहीं पाई। 29वें ओवर गुणरत्ने की चौथी गेंद पर सरफराज ने मिड विकेट की तरफ खेलकर एक रन लेना चाहा। वहीं फील्डर मौजूद था लेकिन उसका सीधा थ्रो विकेट पर नहीं लगा और सरफराज तीसरी बार रन आउट होते होते बचे। इससे पहले भी दो बार वह इसी तरह से एक-दो रन लेते हुए बचे थे। [ये भी पढ़ें: पाकिस्तान ने बनाई चैंपियंस ट्रॉफी के सेमीफाइनल में जगह, श्रीलंका को 3 विकेट से हराया]

अब बात करते हैं कल के मैच में श्रीलंका के सबसे दुर्भाग्यशाली गेंदबाज रहे मलिंगा की। मंलिगा के पास सरफराज को आउट करने का मौका दो बार आया लेकिन दोनों ही बार खराब फील्डिंग की वजह से वह चूक गए। पहले 39वें ओवर की दूसरी गेंद पर मलिंगा ने सरफराज को धीमी गेंद से चकमा दिया। सरफराज ने गेंद को सीधा मिड ऑन के फील्डर थिसारा परेरा की तरफ खेल दिया लेकिन परेरा आसान सा कैच नहीं पकड़ पाए। 41वें ओवर में मलिंगा को सरफराज का विकेट लेन का एक और मौका मिला जब ओवर की दूसरी गेंद पर सरफराज ने पुल शॉट लगाया लेकिन नियंत्रण में नहीं होने की वजह से वह गैप नहीं ढूंढ सके और डीप स्क्वायर पर खड़े प्रसन्ना ने आगे छलांग लगाकर कैच पकड़ने की कोशिश की लेकिन वह चूक गए। इसके बाद श्रीलंका मैच में लौट ही नहीं पाया। [ये भी पढ़ें: सेमीफाइनल में पहुंचते ही पाकिस्तान टीम को लगा झटका]

पाकिस्तान ने 45 ओर में चार गेंद शेष रहते ही 237 रन बनाकर 3 विकेट से मैच जीत लिया। इस हार के साथ ही चैंपियंस ट्रॉफी में श्रीलंका का सफर खत्म हो गया। मैच के बाद श्रीलंका टीम के कोच जीरोम जयरत्ने ने अपनी टीम को एशियाई की सबसे खराब फील्डिंग टीम बताया। उन्होंने कहा कि भारत ने साबित किया कि वह हमसे बेहतर हैं, यहां तक की बांग्लादेश ने भी श्रीलंका से अच्छी फील्डिंग की है।