भारतीय महिला क्रिकेट टीम © Getty Images
भारतीय महिला क्रिकेट टीम © Getty Images

पिछले कुछ समय से लगातार अच्छा प्रदर्शन करने वाली भारतीय टीम को आईसीसी महिला क्रिकेट विश्व कप के पहले मैच में 24 जून को खिताब के प्रबल दावेदार और मेजबान इंग्लैंड की कड़ी चुनौती का सामना करना होगा। भारत का हाल में प्रदर्शन अच्छा रहा है। उसने दक्षिण अफ्रीका में चार देशों के टूर्नामेंट में मेजबान देश को 8 विकेट से हराकर खिताब जीता था। मिताली राज की अगुवाई वाली टीम इंग्लैंड के खिलाफ भी ऐसा प्रदर्शन बरकरार रखकर जीत के साथ अपने अभियान का आगाज करने के लिये तैयार है।

भारत अभी तक कभी विश्व कप नहीं जीत पाया है। उसने इस बार क्वालीफायर के जरिये टूर्नामेंट में भाग लेने वाली आठ टीमों में अपना नाम लिखवाया। भारत ने अगर पाकिस्तान के खिलाफ तीन मैच खेले होते तो वह विश्व कप 2017 के लिये सीधे क्वालीफाई कर लेता लेकिन अपने चिर प्रतिद्वंद्वी के खिलाफ आईसीसी महिला चैंपियनशिप के मैच नहीं खेलने के कारण उसे 6 अंक गंवाने पड़े थे। भारत तालिका में 19 अंक लेकर पांचवें स्थान पर रहा था और उसे श्रीलंका में क्वालीफायर से गुजरना पड़ा। भारत उसमें भी अजेय रहा था और उसने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ रोमांचक फाइनल में एक विकेट से जीत दर्ज की थी।

टीम इंडिया की ताकत

मिताली के रूप में भारत के पास सबसे अनुभवी खिलाड़ी है जो हाल में 100 वनडे में अपनी टीम की अगुवाई करने वाली दुनिया की तीसरी खिलाड़ी बनी थी। उन्होंने लगातार 6 मैचों में अर्धशतक जमाये और अपनी इस फार्म को वह यहां भी बरकरार रखना चाहेंगी। उन्होंने श्रीलंका के खिलाफ विश्व कप अभ्यास मैच में भी 85 रन की पारी खेली थी जिसमें भारत ने 109 रन से जीत दर्ज की थी।

भारत के पास टॉप ऑर्डर में दीप्ति शर्मा और पूनम राउत के रूप में अच्छी सलामी जोड़ी है। इन दोनों ने चार देशों के टूर्नामेंट में रिकॉर्ड 320 रन की साझेदारी की थी। पूनम ने दोनों अभ्यास मैचों में भी अच्छा प्रदर्शन किया था। स्मृति मंदाना ने चोट से उबरने के बाद वापसी की है जिससे भारतीय बल्लेबाजी को मजबूती मिली है। इसके अलावा मोना मेशराम, हरमनप्रीत कौर और वेदा कृष्णमूर्ति के तौर पर भारत के पास अच्छी बल्लेबाज हैं।

मैच से पहले मिताली राज ने कहा, ‘दक्षिण अफ्रीका में परिस्थितियां इंग्लैंड की तुलना में पूरी तरह से अलग हैं। उस जीत से हमारा काफी मनोबल बढ़ा है लेकिन विश्व कप में हमें नये सिरे से शुरूआत करनी होगी।’ इंग्लैंड की परिस्थितियां सीम और स्विंग के अनुकूल हैं लेकिन भारतीय टीम के पास तीन मुख्य तेज गेंदबाज ही हैं।

वनडे में सर्वाधिक विकेट लेने वाली झूलन गोस्वामी भारतीय आक्रमण की अगुवाई करेंगी। उन्हें शिखा पांडे और मानसी जोशी का साथ मिलेगा। भारतीय स्पिनरों को हालांकि अहम भूमिका निभानी होगी जिसकी अगुवाई एकता बिष्ट करेंगी। उनके अलावा टीम में राजेश्वरी गायकवाड़, और पूनम यादव भी उपयोगी स्पिनर हैं। दीप्ति शर्मा जरूरत पड़ने पर स्पिनर की भूमिका निभा सकती हैं।

टीम इंडिया- मिताली राज (कप्तान), हरमनप्रीत कौर, स्मृति मंधाना, वेदा कृष्णामूर्ति, मोना मेश्राम, पूनम राउत, दीप्ती शर्मा, झूलन गोस्वामी, शिखा पांडे, एकता बिष्ट, सुषमा वर्मा (विकेटकीपर), मानसी जोशी, राजेश्वरी गायकवाड़, पूनम यादव, नुजहत परवीन (विकेटकीपर)।