भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया © Getty Images
भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया © Getty Images

ऑस्ट्रेलिया टीम के हौंसले अब बुलंद हो चले हैं। हाल ही में ऑस्ट्रेलिया ने अपनी धरती पर टेस्ट में नंबर दो पर काबिज चल रही पाकिस्तान टीम को 0-3 से हराकर श्रृंखला जीत ली। ऑस्ट्रेलिया इस जीत के साथ ही रैंकिंग में दूसरे नंबर पर पहुंच गई है और पाकिस्तान पांचवें नंबर पर फिसल गई है। ऑस्ट्रेलिया का बढ़ता हुआ कद भविष्य में टीम इंडिया के लिए भी परेशानी खड़ी कर सकता है। उल्लेखनीय है कि फरवरी 2017 में ऑस्ट्रेलिया टेस्ट सीरीज खेलने के लिए भारत का दौरा करेगी और अगर इस दौरान टीम इंडिया ऑस्ट्रेलिया के समक्ष घुटने टेक देती है तो ऑस्ट्रेलिया नंबर एक टीम बन जाएगा। लेकिन इसके लिए ऑस्ट्रेलिया को चमत्कारिक प्रदर्शन करना होगा। वर्तमान में ऑस्ट्रेलिया 109 अंकों के साथ आईसीसी रैंकिंग में दूसरे स्थान पर है वहीं भारतीय टीम 120 अंकों के साथ पहले स्थान पर है।

अगर ऑस्ट्रेलिया को शीर्ष पर पहुंचना है तो उसे टीम इंडिया को कम से कम टेस्ट सीरीज में 3-0 से हराना होगा। बहरहाल ये भी है कि ऑस्ट्रेलिया के लिए ये काम इतना आसान भी नहीं होगा। लेकिन जिस फॉर्म में आजकल ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी चल रहे हैं उस लिहाज से इन दोनों टीमों के बीच दिलचस्प मुकाबला होने की उम्मीद है। हाल ही में पाकिस्तान सीरीज में स्टीवन स्मिथ खूब चमके थे और उन्होंने तीन मैचों में 110.25 की औसत से 441 रन जड़ दिए थे। इस दौरान उन्होंने दो शतक और दो अर्धशतक जड़े थे। उनके अलावा डेविड वॉर्नर और पीटर हैंड्सकॉम्ब भी जबरदस्त फॉर्म में हैं जिन्होंने सीरीज में क्रमशः 356 और 344 रन बनाए हैं। ऐसे में अश्विन एंड कंपनी के सामने इन बल्लेबाजों की एक बड़ी चुनौती होगी। [ये भी पढ़ें: विराट कोहली ने बताया कि इस पोजीशन पर बल्लेबाजी करेंगे एमएस धोनी]

इसके अलावा मिचेल स्टार्क और जोश हेजलवुड की अगुआई में ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाज कहर बरपा रहे हैं। पाकिस्तान के खिलाफ सीरीज में हेजलवुड ने सर्वाधिक 15 और स्टार्क ने 14 विकेट लिए थे। इनके अलावा नाथन ल्योन और बर्ड ने क्रमशः 11 और 10 विकेट लिए थे। बल्लेबाजी विभाग में कोहली और उनके बल्लेबाजों को इनसे निपटने के लिए एक धारदार योजना बनानी होगी। गौर करने वाली बात है कि ऑस्ट्रेलिया की गेंदबाजी हमेशा से विपक्षियों पर भारी पड़ती रही है। ऐसे में टीम इंडिया को इस सीरीज में एड़ी- चोटी का जोर लगाना होगा। गौर करने वाली बात है कि ऑस्ट्रेलिया ने साल 2004 के बाद भारतीय सरजमीं पर एक भी टेस्ट नहीं जीता है।