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Australia vs India, 2nd T20I: हार्दिक पांड्या ने बताया अपनी मैचविनिंग पारी का राज

सिडनी में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दूसरे टी20 मैच में हार्दिक पांड्या ने नाबाद 42 रनों की पारी खेली।

Edited By : India.com Staff |Dec 06, 2020, 05:53 PM IST

Published On Dec 06, 2020, 05:53 PM IST

Last UpdatedDec 06, 2020, 05:53 PM IST

सिडनी क्रिकेट ग्राउंड में खेले गए दूसरे टी20 मैच में भारतीय टीम को शानदार जीत दिलाने वाले ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या (Hardik Pandya) ने अपनी इस मैचविनिंग पारी का राज बताया। हार्दिक ने बताया कि पूरी सीरीज के दौरान वो अपने लिए सही बैट तलाश कर रहे थे और अब वो उन्हें मिल गया है।

मैच के बाद उन्होंने कहा, “पूरे पांच मैचों के दौरान मैं यही समझने की कोशिश कर रहा था कि किस बल्ले से खेलूं। मैं पिछले तीन साल से जिस बल्ले से खेल रहा था वो टूट गया। ये वाला (बैट) सही है।”

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19वें ओवर की चौथी गेंद पर छक्का लगाकर मैच खत्म करने पर हार्दिक ने कहा, “मुझे लगा कि हम जीत से केवल दो शॉट दूर थे, मैं खुश हूं। छक्का लगाने से ज्यादा मुझे मैच खत्म करने की खुशी है। मुझे मैच आखिरी गेंद तक ले जाना पसंद नहीं है, मुझे मैच जल्दी खत्म करना अच्छा लगता है। मैं केवल गेंद को हिट करना चाहता था।”

195 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए पांड्या ने 22 गेंदो पर तीन चौकों और 2 छक्कों की मदद से 42 रनों की नाबाद पारी खेली। मैच के बाद चेज के बारे में बात करते हुए उन्होंने कहा, “ये बहुत आसान है। मैं स्कोरबोर्ड की तरफ देखकर खेलता हूं ताकि मुझे पता है किन गेंदबाजों को अटैक करना है। मैं इस तरह के हालात में कई बार खेल चुका हूं और मैंने पिछली गलतियों से सीखा है।”

मैन ऑफ द मैच पांड्या ने कहा, “मेरा खेल हमेशा मेरे आत्मविश्वास के इर्दगिर्द होता है, खुद का समर्थन करने और अति आत्मविश्वासी होने के बीच एक पतली रेखा होता है। मैं उन मौकों को हमेशा याद रखता हूं जब हमने बड़े लक्ष्यों का पीछा किया था और इससे मदद मिलती है।”

उन्होंने कहा, “टी20 में आप जितना सोचते हैं, आपके पास उससे ज्यादा समय होता है। अगर हमें 30 गेंदो पर 70-80 रन चाहिए, तो मैं पूरे स्कोर की तरफ नहीं देखता और मैं उसे 12 गेंदो में बांटता हूं और नतीजे के बजाय प्रक्रिया पर ध्यान देता हूं।”

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