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एशेज सीरीज में शर्मनाक हार से हाहाकार, इंग्लैंड क्रिकेट में होगा बड़ा बदलाव

ईसीबी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी रिचर्ड गोल्ड ने कहा, यह एशेज टूर काफी उम्मीद के साथ शुरू हुआ था, यह बहुत निराशाजनक है कि हम ऑस्ट्रेलिया में एशेज जीतने का अपना सपना पूरा नहीं कर पाए.

user-circle cricketcountry.com Written by Akhilesh Tripathi
Last Updated on - January 9, 2026 2:32 PM IST

इंग्लैंड की टीम को एशेज सीरीज में ऑस्ट्रेलिया के हाथों करारी हार का सामना करना पड़ा. ऑस्ट्रेलिया ने एशेज सीरीज में इंग्लैंड को 4-1 से मात दी. इंग्लैंड की टीम हार के बाद आलोचकों के निशाने पर है. इंग्लैंड की टीम इस हार के बाद गंभीर है और इंग्लैंड और वेल्स क्रिकेट बोर्ड इस हार की समीक्षा करेगा. नूसा दौरे के दौरान इंग्लैंड के खिलाड़ियों के बहुत ज्यादा शराब पीने की खबरों की जांच भी की जा सकती है, बोर्ड पर हेड कोच ब्रैंडन मैकुलम को पद से हटाने का दबाव भी बढ़ रहा है.

ईसीबी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी रिचर्ड गोल्ड ने एक आधिकारिक बयान में कहा, यह एशेज टूर काफी उम्मीद के साथ शुरू हुआ था, यह बहुत निराशाजनक है कि हम ऑस्ट्रेलिया में एशेज जीतने का अपना सपना पूरा नहीं कर पाए. हालांकि सीरीज के दौरान कुछ अच्छे पल आए,जिसमें मेलबर्न में खेले गए चौथे टेस्ट में जीत भी शामिल है, लेकिन हम मुकाबले के सभी हालात और चरणों में लगातार अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाए, ऑस्ट्रेलिया एशेज जीतने का हकदार था.

हम इस सीरीज से सबक लेंगे: रिचर्ड गोल्ड

उन्होंने कहा, हम इस सीरीज से सबक लेंगे और जल्दी सुधार करने का इरादा रखते हैं, हमारा फोकस 2027 में एशेज फिर से जीतने पर है,कैंपेन का पूरा रिव्यू पहले से ही चल रहा है,इसमें टूर प्लानिंग और तैयारी, व्यक्तिगत प्रदर्शन और व्यवहार और हालात के हिसाब से ढलने और असरदार तरीके से जवाब देने की हमारी क्षमता शामिल होगी और बदलाव लागू किया जाएगा.

न्यूजीलैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज से पहले होगा बदलाव: रिचर्ड गोल्ड

उन्होंने कहा कि हमने अपने प्रशंसकों से यह भी वादा किया है कि बोर्ड आने वाले कुछ महीनों में बदलाव लागू करेगा, संभावना है कि जून 2026 में इंग्लैंड और न्यूजीलैंड के बीच टेस्ट सीरीज शुरू होने से पहले यह सब हो जाएगा.

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मैकुलम की कोचिंग और स्टोक्स की कप्तानी में इंग्लैंड ने अभी तक ऑस्ट्रेलिया और भारत जैसी बड़ी टीमों के खिलाफ कोई सीरीज नहीं जीती है, टीम पिछले तीन विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के एक भी फाइनल में जगह नहीं बना सकी है.