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विलक्षण प्रतिभा से भरपूर खरा सोना हैं उमरान मलिक, उन्हें संवारने पर ध्यान दे BCCI

रफ्तार के पीछे पड़े उमरान मलिक अब 160 किलोमीटर के जादुई आंकड़े तक पहुंचना चाहते हैं. ऐसे में BCCI को चाहिए कि वह उन्हें सही ढंग से संवारने का काम करे.

user-circle cricketcountry.com Written by India.com Staff
Last Published on - May 10, 2022 5:53 PM IST

इस बात में कोई शक नहीं कि उमरान मलिक (Umran Malik) IPL 2022 की सबसे बड़ी कहानी हैं. सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) ने इस साल भले ही मैदान पर कई चीजें खराब की हों, लेकिन उन्होंने कम से कम उस एक खिलाड़ी को रिटेन कर सही काम किया कि उसने एक ऐसे खिलाड़ी को अपने साथ रखा, जिसके ऊपर सिर्फ भारतीय क्रिकेट बिरादरी की ही नहीं बल्कि दुनिया भर में हर किसी की नजरें टिकी हैं. एक ऐसा युवा खिलाड़ी जो अपनी रफ्तार से बल्लेबाजों के सामने तूफान मचा रहा है. सनराइजर्स के खेमे में बैठे उनके मेंटॉर डेल स्टेन के लिए भी उमरान को ऐसा प्रदर्शन करते देखना सुखद अहसास होगा. भारत में यह रोज नहीं होता कि आप किसी ऐसे गेंदबाज को देखें, जो 157 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से बॉलिंग कर रहा हो.

लेकिन यह भी साफ है कि उनका फोकस थोड़ा बहुत हट गया है. जम्मू और कश्मीर का यह तेज गेंदबाज अब अपनी बॉलिंग की रफ्तार और ज्यादा बढ़ाना चाहता है, वह उत्सुक है कि वह 160 किलोमीटर प्रति घंटे (100 मील/घंटा) की रफ्तार का जादुई आंकड़ा अपने नाम करे, जिस मुकाम को वर्ल्ड क्रिकेट में बहुत ही कम गेंदबाजों ने अपने नाम किया है.

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यहीं पर बोर्ड ऑफ कंट्रोल फॉर क्रिकेट इन इंडिया (भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड) को ध्यान देने की दरकार है, BCCI को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि अभी तो मलिक SRH की तनख्वाह पर है, लेकिन जब एक बार आईपीएल खत्म हो जाएगा, तब वह भारतीय घरेलू क्रिकेट का हिस्सा हैं, जो BCCI के घरेलू कार्य क्षेत्र का हिस्सा है. तो अगर वह भविष्य में मलिक को भारतीय क्रिकेट में फलते-फूलते देखने के इच्छुक हैं या फिर उन्हें भारतीय टीम में निकट भविष्य का हिस्सा मानते हैं तो तब यह युवा तेज गेंदबाज को उन्हें संवारना शुरू करना चाहिए. इसके अलावा इस युवा तेज गेंदबाज को अपनी गति में बदलाव के गुण भी सीखने होंगे. क्योंकि अभी उनके पास सिर्फ दो ही भिन्नताएं हैं और वे हैं- तेज और बहुत तेज.

अगर हम उसी मैच को देखें, जिसमें उमरान ने 157kmph की रफ्तार से बॉल फेंकी थी, उस मैच में उन्हें 4 ओवर में 52 रन पड़े और उनके नाम एक भी विकेट नहीं था. यहीं पर कोच और इससे जुड़े दूसरे लोगों को काम करने की जरूरत है, उन्हें उमरान के लंबा सांस लेने के लिए कहना चाहिए.

मलिक को भी शारीरिक और मानसिक रूप से संवारने की जरूरत है और यहीं पर बीसीसीआई को अपना रोल निभाना है, बोर्ड को यह तय करना है कि उसके जैसे दुर्लभ खोज को फ्रेंचाइजी मालिक और प्रचार करने वाली ताकतों के बीच जाया नहीं करना चाहिए. उन्हें सेहतमंद भोजन, नियत्रित डाइट और साइक्लॉजिकल फिट रहने के लिए अच्छे से अच्छे लोगों की मदद चाहिए, जो उन्हें तकनीकी मदद भी दे सकें.

नेशनल क्रिकेट अकैडमी में उन्हें निश्चित रूप से मौका दिया जाना चाहिए. उन्हें स्ट्रीमलाइन और अपनी गलतियां सुधारने के लिए स्ट्रीमलाइन और क्वॉलिटी कोर्स करेक्शन का मौका मिलना चाहिए. उसकी रफ्तार को सही ढंग से बनाए रखने के लिए भारतीय टीम में लाने से पहले उसे निखारने के लिए भारत की A टीम का हिस्सा बनाना भी उपयोगी होगा.

तेज तर्रार होना अच्छी बात है, लेकिन यह अपने आस्तीन में छिपाकर रखने वाली चीज होनी चाहिए, जिसका उपयोग एक आश्चर्यजनक हथियार के रूप में किया जा सके. जिन यॉर्कर्स ने उन्हें आईपीएल का पांच विकेट हॉल दिलाया उसे वापस लाने की जरूरत है और उन्हें इसके साथ साथ आउट और इन स्विंग बॉलिंग सीखने की भी दरकार है, जो उन्हें अपने काम में बेहतरीन बनाएंगी.एक विलक्षण प्रतिभा वाली विलक्षण खोज उमरान मलिक खरा सोना हैं. उनके साथ इसी तरह पेश आने की भी जरूरत है.