Today in Cricket History: 17 दिसंबर… भारतीय क्रिकेट इतिहास में यह दिन बेहद खास है. आज ही के दिन साल 1933 में अंग्रेजों के खिलाफ एक भारतीय ने कुछ ऐसा किया, जिसने गुलाम भारत में नया जोश भर दिया. ‘क्रिकेट का जनक’ कहलाने वाले इंग्लैंड के गेंदबाजों को एक भारतीय बल्लेबाज के सामने घुटने टेकने पड़ गए थे… हम बात कर रहे हैं लाला अमरनाथ (Lala Amarnath) की… क्रिकेट इतिहास में पहला टेस्ट मैच साल 1877 में खेला गया. इसके बाद भारत ने साल 1932 में अपना टेस्ट डेब्यू किया और करीब 1 साल के अंदर देश के लिए पहला शतक भी आ गया…

ये बात साल 1933 की है. 15-18 दिसंबर के बीच मुंबई में भारत और इंग्लैंड की टीमें (England tour of India 1933) आमने-सामने थीं. मुकाबले में टॉस जीतकर बल्लेबाजी करने उतरी भारत की पहली पारी में 219 रन पर सिमट गई. टीम इंडिया की ओर से लाला अमरनाथ ने सर्वाधिक 38 रन बनाए, जबकि सैयद वजीर अली ने 36 रन की पारी खेली. विपक्षी टीम की ओर से स्टेन निकलस, हैडली और जेम्स ने 3-3 शिकार किए.

इसके जवाब में इंग्लैंड ने 438 रन बनाकर 219 रन की लीड हासिल कर ली. ये ठीक उतने ही रन की बढ़त थी, जितना स्कोर भारत ने पहली पारी में जैसे-तैसे खड़ा किया था. भारत की तरफ से मोहम्मद निसार ने सर्वाधिक 5 शिकार किए.

मुकाबले के तीसरे दिन भारतीय टीम दूसरी पारी में बल्लेबाजी के लिए उतरी… दिन था 17 दिसंबर… भारत 21 के स्कोर तक वजीर अली (5) और जनार्दन (4) का विकेट गंवा चुकी थी. तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी के लिए लाला अमरनाथ (Lala Amarnath) उतरे और आज उन्हीं का दिन था.

लाला अमरनाथ ने कप्तान सीके नायडू के साथ तीसरे विकेट के लिए 186 रन की साझेदारी कर विपक्षी टीम के गेंदबाजों के होश उड़ा दिए. मुकाबले के तीसरे दिन लाला अमरनाथ 102 के स्कोर पर नाबाद थे, जबकि नायडू अर्धशतक से महज 6 रन दूर.

यहां से लगा कि भारत मैच बचा सकता है, लेकिन मुकाबले के चौथे दिन नायडू 67 रन बनाकर चलते बने. कुछ देर बाद लाला अमरनाथ को क्लार्क ने अपना शिकार बना लिया. बस यही से भारतीय टीम लड़खड़ा गई और 90.5 ओवरों में 258 रन पर सिमट गई.

इंग्लैंड को जीत के लिए महज महज 40 और सीरीज अपने नाम करने के लिए सिर्फ ड्रॉ की दरकार थी, लेकिन इंग्लैंड ये ‘गोल्डन चांस’ कैसे चूक सकता था. इंग्लैंड को 15 के स्कोर पर आर्थर मिचेल (9) के रूप में झटका लगा, लेकिन चार्ली (17) और वॉल्टर्स (14) ने नाबाद रहते हुए महज 7.2 ओवर में टीम को 9 विकेट से जीत दिला दी.