Cricket Stars are ready for Indian T20 League, World Cup 2019 on their minds
jasprit-bumrah @AFP

पेसर जसप्रीत बुमराह के यॉर्कर के खिलाफ महेंद्र सिंह धोनी की रणनीति, कुलदीप यादव की गुगली गेंदों से निपटने के लिए विराट कोहली की योजना और स्टीव स्मिथ की अपना फुटवर्क दिखाने की बेताबी और इससे भी कुछ ज्यादा 12वीं इंडियन टी-20 लीग में देखने को मिलेगा।

पढ़ें: विश्व कप में वेस्टइंडीज को कम ना समझें: कार्लोस ब्रेथवेट

इस सालाना क्रिकेट लीग में हर चरण की तरह कुछ नए नायक देखने को मिलेंगे जिन पर भारतीय क्रिकेट आलोचक दो महीने तक चर्चा करेंगे।

लीग का चरण कुछ विशेष रहेगा क्योंकि 12 मई को होने वाले फाइनल के ढाई हफ्ते बाद वनडे विश्व कप शुरू हो जाएगा। 2011 और 2015 विश्व कप का आयोजन लीग से पहले किया गया था और यह पहली बार है जब यह महासमर इंडियन टी-20 लीग के बाद खेला जा रहा है।

कप्तान विराट कोहली विश्व कप टीम के सभी दावेदारों के लिए कार्यभार प्रबंधन की बात पर जोर दे रहे हैं जिससे यह टी-20 लीग दिलचस्प हो जाएगा।

एक तरफ खिलाड़ियों को अपनी फ्रेंइचाजी टीमों की उम्मीदों पर खरा उतरने की जरूरत होगी जो उन्हें लाखों रूपये का भुगतान कर रहे हैं और वहीं दूसरी ओर देश के प्रति प्रतिबद्धता होगी जिसमें ‘भारतीय टीम’ से ट्रॉफी से कम की उम्मीद नहीं है।

पढ़ें: बांग्लादेशी ऑलराउंडर मेहदी हसन मिराज विवाह के बंधन में बंधे

यह 12वां चरण होगा और सभी खिलाड़ियों के लिए इसकी अहमियत अलग-अलग रही है। धोनी के लिए चेन्नई परिवार की तरह है। उन्होंने लीग में एक अलग तरह की विरासत तैयार की है जिसमें उनकी टीम ने तीन खिताब हासिल किए हैं और अब टीम इसका बचाव करेगी।

विराट कोहली को बल्लेबाज के तौर पर कुछ साबित नहीं करना है लेकिन आठ वर्षों तक बंगलूरू की कप्तानी करना और टीम को एक भी खिताब नहीं दिलवा पाना, उन्हें कांटे की तरह चुभता होगा।

केकेआर के पूर्व कप्तान गौतम गंभीर की कोहली की लीग में कप्तानी पर की गई टिप्पणी पर भी सभी का ध्यान गया होगा। कोहली भी इसे बदलना चाहेंगे, भले ही उनके दिमाग में 90 प्रतिशत चीजें विश्व कप के बारे में चल रही होंगी।

रोहित शर्मा उस फ्रेंचाइजी टीम की अगुवाई करते हैं जिसकी आठ टीमों में सबसे ज्यादा मांग है जिससे टीम के मालिकों की उम्मीद उसके फाइनल में पहुंचने या फिर ट्रॉफी जीतने की होगी। मुंबई तीन खिताब जीत चुकी है लेकिन उन पर चौथे खिताब का दबाव होगा, साथ ही उन्हें हार्दिंक पांड्या और जसप्रीत बुमराह के कार्यभार पर भी निगाह लगानी होगी।

स्टीव स्मिथ भी प्रतिबंध के बाद वापसी को तैयार हैं और उनके साथ बेन स्टोक्स और जोस बटलर भी मौजूद होंगे जिससे राजस्थान प्ले ऑफ में जगह बनाने की गंभीर दावेदारों में शुमार होगी।