भारतीय टीम के पूर्व ऑलराउंडर इरफान पठान ने सिटीजन अमेंडमेंट बिल को लेकर दिल्‍ली में हिंसक प्रदर्शन के बाद दिल्‍ली पुलिस की कार्रवाई पर सोमवार को प्रतिक्रिया दी. पठान ने पुलिस की कार्रवाई में घायल हुए छात्रों को लेकर चिंता जताई.

सिटिजन अमेंडमेंट एक्‍ट को लेकर जारी विवाद थमने का नाम ही नहीं ले रहा है. नार्थ-ईस्‍ट के राज्‍यों के बाद विरोध की आग रविवार को दिल्‍ली तक पहुंच गई. दक्षिण दिल्‍ली में जामिया मिलिया इस्‍लामियां यूनिवर्सिटी के छात्रों के प्रदर्शन ने रविवार को हिंसक रूप ले लिया. बाद में पुलिस द्वारा छात्रों के साथ मारपीट की खबरें भी सामने आई.

इरफान पठान ने छात्रों के समर्थन में किए अपने ट्वीट में लिखा, “राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का खेल हमेशा चलता रहेगा, लेकिन मैं और हमारा देश जामिया के छात्रों के लिए चिंतित है.”

CAA के खिलाफ विरोध प्रदर्शन के बाद दिल्ली पुलिस ने जामिया परिसर में प्रवेश किया. मथुरा रोड पर स्थित इस परिसर में जब हालात ज्यादा गंभीर हो गए तो पुलिस ने परिसर में आंसू गैस के गोले छोड़े और लाठीचार्ज किया.

न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी में डीटीसी बस को जला दिया गया, जिसके बाद पुलिस ने लाठीचार्ज किया. दिल्ली पुलिस ने हालांकि यूनिवर्सिटी परिसर में घुसने की बात को नकारा है. दक्षिण पूर्वी दिल्ली के डीसीपी चिन्मय बिस्वाल ने भी कहा है कि विरोध प्रदर्शन करने वाले लोगों को मात्र पीछे किया गया और पुलिस ने किसी तरह की फायरिंग नहीं की.

उन्होंने कहा कि जब पुलिस वालों ने देखा कि उन पर पत्थरबाजी की जा रही है तो उन्होंने ऐसा करने वालों को पहचानने और उन्हें पकड़ने की कोशिश की.