dinesh karthik is not finisher says krishnamachari srikkanth

दिनेश कार्तिक को सीमित ओवरों के फॉर्मेट में मौजूदा दौर का सर्वश्रेष्ठ फिनिशर कहा जाता है। वेस्टइंडीज के खिलाफ टी20 सीरीज के पहले मैच में 19 गेंद पर 41 रन की पारी खेली थी। उन्होंने भारतीय टीम को जरूरी रफ्तार दी थी। इस अनुभवी विकेटकीपर बल्लेबाज को आजकल भारतीय टीम में नई भूमिका दी गई है। कार्तिक 37 साल के हो गए हैं लेकिन उनका प्रदर्शन लगातार बेहतर होता जा रहा है। वह टी20 वर्ल्ड कप के लिए अपना दावा पेश कर रहे हैं।

कार्तिक अपनी भूमिका बहुत अच्छे तरीके से निभा रहे हैं लेकिन पूर्व मुख्य चयनकर्ता कृष्मणचारी श्रीकांत का मानना है कि कार्तिक फिनिशर की भूमिका नहीं निभा रहे हैं। टी20 ने भले ही क्रिकेट की परिभाषा बदल दी हो लेकिन श्रीकांत की नजर में फिनिशर वह खिलाड़ी होता है जो मैच को अंत तक ले जाता है और जीतता है। वहीं कार्तिक की भूमिका आखिरी चार ओवरों में आकर धमाकेदार बल्लेबाजी करना है।

श्रीकांत ने कहा, ‘फिनिशर की आपकी परिभाषा गलत है। हां, दिनेश कार्तिक बहुत अच्छा कर रहे हैं। वह आईपीएल में शानदार थे और यहां भी कुछ मैच ऐसे थे। लेकिन वह फिनिशर नहीं हैं! वह खिलाड़ी जो मैच को 8वें या 9वें ओवर से लेकर खत्म करने तक क्रीज पर टिका रहे। उसे फिनिशर कहते हैं। जो दिनेश कार्तिक कर रहे हैं उसे आप फाइनल टच कह सकते हैं। सूर्यकुमार यादव को लीजिए। उन्होंने इंग्लैंड में लगभग अपने दम पर मैच जितवाया। यह फिनिशिंग रोल है। हार्दिक पंड्या, ऋषभ पंत फिनिशर हैं… और हमारे कप्तान रोहित शर्मा जो ओपनिंग करते हैं और 17वें ओवर तक 12 गियर में बल्लेबाजी करते हैं, वह भी फिनिशर हैं।’

फैनकोड पर वेस्टइंडीज के खिलाफ तीसरे टी20 इंटरनैशनल मैच के दौरान श्रीकांत ने कहा, ‘असली फिनिशर सिर्फ 16वें से 20वें ओवर के बीच नहीं खेलता। फिनिशर वह होता है जो मैच को 8वें या 9वें ओवर से लेकर चलता है और आखिर में 60 के करीब रन बनाता है। दिनेश कार्तिक की भूमिका तय है। वह कमाल का प्रदर्शन कर रहे हैं लेकिन फिनिशिंग की भूमिका को फाइन-ट्यून कर रहे हैं न कि फिनिशर हैं।’