'बातचीत के अभाव में राजकीय सम्मान से नहीं हो सका आचरेकर सर का संस्‍कार'

रमाकांत आचरेकर ने सचिन तेंदुलकर को उनके बचपन में क्रिकेट की कोचिंग दी है।

Edited By : Cricket Country Staff |Jan 03, 2019, 06:35 PM IST

Published On Jan 03, 2019, 06:35 PM IST

Last UpdatedJan 03, 2019, 06:35 PM IST

Sachin Tendulkar , Ramakant Achrekar. @ PTI

Sachin Tendulkar, Ramakant Achrekar (File Photo) @ PTI

महाराष्ट्र के आवास मंत्री प्रकाश मेहता ने गुरुवार को कहा कि सरकारी स्तर पर ‘संवादहीनता’ के कारण सचिन तेंदुलकर के पहले कोच रमाकांत आचरेकर की राजकीय सम्मान के साथ अंत्येष्टि नहीं हो सकी। आचरेकर को राजकीय सम्मान के साथ विदाई नहीं दिया जाना दुखद और दुर्भाग्यपूर्ण है।

उन्होंने कहा ,‘‘यह किसी की गलती और संवादहीनता के कारण हुआ। सरकार के प्रतिनिधि के तौर पर मैं माफी मांगता हूं। यह काफी दुखद है। मैं देखूंगा कि क्या हुआ था।’’
मुंबई भाजपा के पूर्व प्रमुख मेहता ने कहा कि वो इस मसले पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से बात करेंगे । उन्होंने कहा ,‘‘मुझे सुबह ही मंत्रालय से संदेश मिला कि मुझे अंतिम संस्कार में शामिल होना है।’’

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मुख्यमंत्री कार्यालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा ,‘‘हमें प्रोटोकाल विभाग ने बताया नहीं था कि राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाना है । आमतौर पर आम प्रशासन विभाग इसके लिये फाइल भेजता है और मुख्यमंत्री मंजूरी देते हैं। इस मामले में एक फोन तक नहीं आया।’’

प्रोटोकाल विभाग के प्रभारी जल संरक्षण मंत्री राम शिंदे ने कहा कि वह मुंबई से बाहर है। उन्होंने कहा ,‘‘आमतौर पर किसी को राजकीय सम्मान देने का फैसला सीएमओ करता है। अगर मैं होता तो इस मसले को रखता और यह सुनिश्चित करता कि आचरेकर सर की विदाई राजकीय सम्मान के साथ हो।’’

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इस साल फरवरी में श्रीदेवी का राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किये जाने पर पैदा हुए विवाद के बाद आम प्रशासन विभाग ने कहा था कि पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंत्येष्टि को मंजूरी देने का अधिकार मुख्यमंत्री के पास है और मृतक को कोई राष्ट्रीय सम्मान या पद्म सम्मान मिला होने का इससे कोई सरोकार नहीं है।

(एजेंसी इनपुट के साथ)

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