इंग्लैंड और न्यूजीलैंड के बीच लॉर्ड्स टेस्ट ड्रॉ होने के बाद न्यूजीलैंड के कप्तान केन विलियमसन (Kane Williamson) ने अपना फोकस दूसरे टेस्ट मैच पर लगा दिया है. सीरीज का दूसरा और आखिरी टेस्ट 10 जून से एजबेस्टन में शुरू होगा. इस टेस्ट से पहले कप्तान केन ने कहा कि उनकी टीम यहां नए सिरे से शुरुआत करेगी. पहले टेस्ट मैच में कीवी टीम ने मेजबान इंग्लैंड को 273 रन का टारगेट दिया था, जबकि उसके पास सिर्फ दो ही सत्र का खेल बचा था. इंग्लैंड ने यह मैच ड्रॉ करा लिया. कीवी कप्तान ने कहा कि अगर उनकी टीम को ऐसी स्थिति में यह लक्ष्य मिलता तो वह जीत के लिए मैदान पर उतरती.

लॉर्ड्स टेस्ट के बाद कप्तान विलियमसन ने कहा कि पहले टेस्ट के पांचवें और अंतिम दिन पिच उतना खराब नहीं खेली, जितनी कि उन्हें उम्मीद थी. 273 रनों के जवाब में इंग्लैंड ने मैच खत्म होने तक 3 विकेट पर 170 रन बना लिए थे. इंग्लैंड की ओर से डॉमिनिक सिब्ले 207 गेंदों पर तीन चौके की मदद से 60 और ओली पोप 41 गेंदों पर तीन चौके के सहारे 20 रन बनाकर नाबाद रहे.

विलियम्सन ने मैच के बाद कहा, ‘हमने (पारी की घोषणा करने के लिए निर्णय इस आधार पर किया कि हमें संभावित रूप से मैच जीतने का सबसे अच्छा मौका मिला, या पर्याप्त ओवर (विकेट लेने के लिए)। हम जानते थे कि एक दिन में हराना कठिन होगा लेकिन दुर्भाग्य से अंत में चीजें थोड़ी खराब हो गईं. हम उम्मीद कर रहे थे कि पिच थोड़ी और खराब हो जाएगी और इसने चार दिन विशेष रूप से संकेत दिखाए कि ऐसा होने वाला था, लेकिन ऐसा नहीं हुआ.’

30 साल के विलियम्सन ने कहा कि अगर उनकी टीम इस तरह के लक्ष्य का पीछा करती, तो वे लक्ष्य हासिल करने के लिए खेलते. उन्होंने कहा, ‘यह जानना हमेशा कठिन होता है कि लक्ष्य का पीछा करने के लिए विरोधी टीम कैसा खोलेगी. जाहिर है कि तीनों परिणाम अभी भी संभव हैं.’

उन्होंने कहा, ‘यदि हम उस स्थिति में होते, तो आप वास्तव में एक अच्छा आधार प्राप्त करना चाहते हैं और मैच को अंत तक ले जाने की कोशिश करते हैं, जहां आपके पास कम ओवरों में छोटा सा लक्ष्य हो. स्पष्ट रूप से वहां तक पहुंचने के लिए बहुत काम करना था, बहुत सारे ओवर बाकी थे और मुझे लगता है कि दोनों टीम पिच के और खराब होने की उम्मीद कर रहे थे.’ मैच का तीसरा दिन पूरी तरह से बारिश की भेंट चढ़ गया था और एक भी गेंद नहीं फेंकी जा सकी थी.

(एजेंसी)