facts about wasim akram arguably the best left arm pacer to play the game

यूं तो दुनिया में हैं पेसर बहुत अच्छे, कहते हैं अकरम का अंदाज-ए-बयां और। मिर्जा गालिब से माफी के साथ यह बात कही है। लेकिन क्रिकेट देखने और जानने वाले कई लोग इस बात से इत्तेफाक रखेंगे. जब-जब क्रिकेट में तेज गेंदबाजी की बात होगी, तब-तब वसीम अकरम का नाम पहली पंक्ति में लिया जाएगा। आज पाकिस्तान के इस पूर्व कप्तान का 56वां जन्मदिन है। आज ही के दिन 1966 को पाकिस्तान के शहर लाहौर में उनका जन्म हुआ था।

सुनील गावस्कर अकरम को बाएं हाथ का सर्वश्रेष्ठ गेंदबाज कहते हैं। करीब 20 साल तक अकरम तेज गेंदबाजी की दुनिया के सिरमौर रहे। तेजी से घूमती बाजू और इशारों पर नाचती गेंद। अकरम का अंदाज ही अलग रहा। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में उनके नाम 916 विकेट हैं। वनडे इंटरनैशनल में सबसे पहले 500 विकेट पूरे करने वाले गेंदबाज थे अकरम।

 

साल 1985 में उन्हें पाकिस्तान के लिए डेब्यू करने का मौका मिला। बिना कोई फर्स्ट-क्लास मैच खेले। पाकिस्तान की टीम न्यूजीलैंड दौरे पर थी और 19 साल का एक लड़का टीम के साथ चला। तब बहुत कम लोग उन्हें जानते थे लेकिन जावेद मियांदाद और इमरान खान ने उनमें कुछ खास देखा। अकरम के पास तब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलने के जूते तक नहीं थे। लेकिन किसी तरह उसका जुगाड़ किया। अपने दूसरे ही टेस्ट मैच में उन्होंने 10 विकेट लिए। 128 रन देकर।

पर अकरम की वे दो गेंदें पाकिस्तान और इंग्लैंड को खास तौर पर याद रहेंगी जो उन्होंने 1992 के वर्ल्ड कप फाइनल में फेंकी थी। एलन लैंब और क्रिस लुईस को उन्होंने जिस अंदाज में बोल्ड किया, वह आज भी क्रिकेट प्रेमियों को याद है। इन विकेटों ने पाकिस्तान को वर्ल्ड चैंपियन बनाया।

अकरम को वकार यूनिस का साथ मिला। कहा गया- ‘It’s all about hunting in pairs.’ यानी जोड़ी में शिकार करने का अपना अलग ही मजा है। अकरम और वकार मैदान पर साथ कहर बरपाते, लेकिन दोस्ती शायद उनकी कभी नहीं हुई। अकरम निचले क्रम में बल्लेबाजी भी कर लेते थे। उनके नाम जिम्बाब्वे के खिलाफ दोहरा शतक भी है।