बीते एक दशक में विभिन्‍न देशों के क्रिकेट बोर्ड द्वारा टी20 लीग की शुरुआत जोर शोर से की गई.  खिलाड़ियों के बीच इसमें खेलने का क्रेज कम नहीं है. टी20 लीग कम समय में पैसा कमाने का अच्‍छा माध्‍यम है. हाल ही में एक रिपोर्ट सामने आई है जिसमें पता चला है कि एक तिहाई खिलाड़ी विभिन्‍न लीग में खेलने के बावजूद भुगतान संबंधित समस्‍याएं झेल रहे हैं.

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटरों के महासंघ (FICA) की ताजा सालाना रिपोर्ट के अनुसार कई खिलाड़ियों को दुनिया भर में घरेलू टी20 लीगों में देर से भुगतान या भुगतान नहीं होने की समस्यायें आ रही है.

बांग्‍लादेश प्रीमियर लीग (BPL) इकलौता ऐसा टी20 टूर्नामेंट है जो आईसीसी के स्‍थायी सदस्‍य देश द्वारा आयेाजित किया जा रहा है. इसके बावजूद यहां भुगतान संबंधित समस्‍या आ रही है.

ग्लोबल टी20 लीग कनाडा, बांग्लादेश प्रीमियर लीग, अबुधाबी टी10 लीग, कतर टी10 लीग, यूरो टी20 स्लैम और मास्टर्स चैम्पियंस लीग में भुगतान संबंधी दिक्कत आई है.

फिका ने आईसीसी को इस मामले में सक्रिय भूमिका निभाने को कहा. फिका के मुख्य कार्यकारी अधिकारी टॉम मोफाट ने ईएसपीएन क्रिकइन्फो से कहा ,‘‘ अनुबंध के उल्लंघन और खिलाड़ियों को भुगतान नहीं करने के मामलों पर गौर किया जाना चाहिये. आईसीसी को इस दिशा में प्रयास करना होगा.’’