I am  happy with my International Career: Gautam Gambhir
Gautam-Gambhir @ Ians

दो बार विश्व कप जीतने वाली भारतीय टीम का हिस्सा रहे पूर्व सलामी बल्लेबाज गौतम गंभीर का कहना है कि वह अपने 13 साल के इंटरनेशनलृ क्रिकेट करियर से बेहद संतुष्ट हैं।

गंभीर 2007 में टी-20 विश्व कप और 2011 में वनडे विश्व कप खिताब जीतने वाली टीम का हिस्सा थे।

गंभीर ने 2007 में टी-20 विश्वकप फाइनल में पाकिस्तान के खिलाफ 54 गेंदों पर 75 रन की अहम पारी खेली थी। वह उस मैच में भारतीय टीम के सर्वोच्च स्कोरर रहे थे, जिनकी बदौलत भारत ने टी-20 विश्व कप खिताब जीता था।

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बकौल गंभीर, ‘जब आप दो विश्व कप जीतने वाली टीम और दो बार आईपीएल खिताब जीतने वाली टीम का हिस्सा रहे हैं तो इससे बड़ी संतुष्टि आपके लिए क्या हो सकती है।’

वह 2009 में आईसीसी टेस्ट रैकिंग में नंबर-1 बल्लेबाज रह चुके हैं। उन्होंने कहा, “एक खिलाड़ी के लिए इससे बड़ी बात और क्या हो सकती है वह अपने क्रिकेट करियर में नंबर-1 टेस्ट बल्लेबाज रहा हो। इसके अलावा वह नंबर-1 टेस्ट टीम का हिस्सा रहा हो। इसके अलावा उसने दो विश्व कप जीता हो।”

गंभीर ने आईपीएल में अपनी कप्तानी में कोलकाता नाइट राइडर्स को दो बार चैंपियन बना चुके हैं। इसके अलावा वह अपने घरेलू टीम दिल्ली डेयरडेविल्स (अब दिल्ली केपिटल्स) के भी कप्तान रह चुके हैं।

कप्तानी के अनुभव को साझा करते हुए बांए हाथ के पूर्व बल्लेबाज ने कहा, ‘अपने क्रिकेट करियर में कप्तानी के दौरान मुझे सबसे ज्यादा इस बात की खुशी रही कि मैंने पूरी ईमानदारी के अपनी कप्तानी की। ये मेरे लिए सबसे महत्वपूर्ण बात है।’

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यह पूछे जाने पर कि घरेलू क्रिकेट में लगातार शानदार प्रदर्शन करने के बावजूद राष्ट्रीय टीम के लिए आपको नजरअंदाज किया गया? इसपर गंभीर ने कहा, ‘आप उन्हीं चीजों को अपने नियंत्रण में कर सकते हैं, जो आपके हाथ में हैं। टीम में चयन करना चयनकर्ताओं का काम है, मेरा नहीं। एक खिलाड़ी के लिए उसका मूल काम अपने खेल पर ध्यान देना है। अगर वह बल्लेबाज है तो उसका काम रन बनाना है और अगर वह गेंदबाज है तो उसका काम विकेट लेना है। पूरे क्रिकेट करियर से बेहद संतुष्ट हूं।’

(इनपुट-एजेंसी)