श्रीलंका टीम © AFP
श्रीलंका टीम © AFP

1 जून से शुरू हो रही चैंपियंस ट्रॉफी में श्रीलंका की टीम को कमजोर माना जा रहा है, लेकिन टीम के कप्तान एंजेलो मैथ्यूज इससे चिंतित नहीं हैं। साल 2002 में भारत के साथ चैंपियंस ट्रॉफी की संयुक्त विजेता रहने वाली श्रीलंका को इस बार खिताब जीतने वाली टीम नहीं माना जा रहा है, लेकिन कप्तान मैथ्यूज को भरोसा है टूर्नामेंट में उनकी टीम बड़ी टीमों को टक्कर देगी। मैथ्यूज ने कहा, ”पिछले कुछ महीनों में हमारी टीम का सफर उतार-चढ़ाव भरा रहा है। ईमानदारी से कहूं तो हमें कोई भी खिताब का दावेदार नहीं मान रहा है, लेकिन मैं इससे चिंतित नहीं हूं क्योंकि हम बड़ी टीमों को झटका देने का माद्दा रखते हैं।”  ये भी पढ़ें- ‘धोनी की कप्तानी में खेलने वाली टीम से ज्यादा मजबूत है मेरी टीम!’

मैथ्यूज ने आगे कहा, ”हम ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ अभ्यास मैच में शानदार प्रदर्शन कर अपनी टीम की मजबूती दिखाना चाहेंगे। टूर्नामेंट का फॉर्मेट बेहतरीन है और कोई भी टीम इस खिताब को जीत सकती है। जो कम गलतियां करेगा और लगातार अच्छा खेलेगा उसी को जीत मिलेगी। हमने साल 2014 में इंग्लैंड दौरे पर शानदार खेल दिखाया था और हमें पूरी उम्मीद है कि हम उस प्रदर्शन को दोहराने में जरूर कामयाब होंगे।” आपको बता दें कि श्रीलंका की टीम भारत, पाकिस्तान और दक्षिण अफ्रीका के साथ ग्रुप बी में है। श्रीलंका को अपना पहला मुकाबला 3 जून को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ खेलना है, इसके बाद टीम को अपना दूसरा मैच 8 जून को भारत और तीसरा मैच 12 जून को पाकिस्तान के खिलाफ खेलना है।