फाइनल मुकाबले में भारत को पाकिस्तान ने हराया © Getty Images
फाइनल मुकाबले में भारत को पाकिस्तान ने हराया © Getty Images

पाकिस्तान ने भारत को हराकर आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी का खिताब अपने नाम कर लिया। पाकिस्तान ने भारत को 180 रनों से हराकर पहली बार चैंपियंस ट्रॉफी पर अपना कब्जा जमाया। 339 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम 50 ओवर भी नहीं खेल सकी और 30.3 ओवर में 158 रनों पर ढेर हो गई और मुकाबले को 180 रनों से हार गई। भारत की तरफ से हार्दिक पांड्या ने सबसे ज्यादा (76) रनों की पारी खेली। पांड्या ने अपनी पारी में 4 चौके और 6 छक्के जड़े। पाकिस्तान की तरफ से मोहम्मद आमिर ने शानदार गेंदबाजी का मुजाहिरा पेश करते हुए (3) बड़े खिलाड़ियों को आउट किया।  ये भी पढ़ें: आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी: महामुकाबले में जसप्रीत बुमराह ने की ‘महागलती’

लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारती टीमकी तरफ से कोई भी बल्लेबाज टिककर नहीं खेल सका और टीम लगातार विकेट खोती चली गई। सलामी बल्लेबाजी करने आए रोहित शर्मा पहले ही ओवर में बिना खाता खोले आउट हो गए। रोहित को आमिर ने LBW आउट किया। इसके बाद आमिर ने पहले विराट कोहली (5) और फिर शिखर धवन (21) को आउट कर भारतीय टीम को बैकफुट पर धकेल दिया। टीम इंडिया के 33 रनों पर 3 विकेट गिर चुके थे और टीम संघर्ष करती नजर आ रही थी। इसके बाद युवराज और धोनी ने स्कोर को 50 के पार पहुंचा दिया। जब लग रहा था कि दोनों बल्लेबाज भारत को संकट से उबार देंगे, तभी शादाब खान ने युवराज (22) को आउट कर भारत को चौथा झटका दे दिया। स्कोर में अभी कोई इजाफा नहीं हुआ था और हसन अली ने धोनी (4) को आउट कर भारत की कमर तोड़कर रख दी।

इसके बाद केदार जाधव भी (9) रन बनाकर शादाब खान का शिकार हो गए। हालांकि एक छोर पर हार्दिक पांड्या ने तेजी से रन बनाए और मात्र 32 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा कर लिया। पांड्या ने काफी तेज बल्लेबाजी की। अंत में पांड्या (76) रन बनाकर रन आउट हुए। पांड्या के बाद रविंद्र जडेजा भी (15) रन बनाकर 8वें विकेट के रूप में आउट हो गए। इसते बाद अश्विन को हसन अली ने (1) रन पर आउट कर भारत को 9वां झटका दे दिया। अंत में बुमराह को आउट कर पाकिस्तान ने भारत को 180 रनों से हराकर ट्रॉफी पर कब्जा कर लिया।

इससे पहले टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी पाकिस्तान की टीम ने 50 ओवरों में 4 विकेट खोकर 338 रन बनाए। पाकिस्तान की तरफ से फखर जमान ने सबसे ज्यादा (114) रनों की पारी खेली। जमान के अलावा मोहम्मद हफीज (57), अजहर अली (59), बाबर आजम ने (46) रनों की पारी खेली। टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी पाकिस्तान की टीम को दोनों सलामी बल्लेबाजों ने बेहतरीन शुरुआत दिलाई। हालांकि मैच के चौथे ओवर में जमान को बुमराह ने धोनी के हाथों कैच आउट करा दिया था, लेकिन अंपायर ने गेंद को ‘नो’ करार दे दिया था।

जीवनदान मिलने के बाद जमान ने अजहर अली के साथ मिलकर अपनी पारी को आगे बढ़ाया और दोनों ने टीम को शानदार शुरुआत दिलाई। दोनों ने हर भारतीय गेंदबाज को निशाने पर लिया और तेजी से रन बनाए। दोनों ही खिलाड़ियों ने पहले विकेट के लिए 128 रन जोड़े। जब लग रहा था कि दोनों बल्लेबाज बड़ा स्कोर करेंगे, तभी अली (59) रन आउट होकर पवेलियन लौट गए और भारत को पहली सफलता मिली।

हालांकि जमान ने इसके बाद बाबर आजम के साथ मिलकर टीम के स्कोर को आगे बढ़ाया। अली का विकेट गिरने के बाद जमान और तेजी से रन बनाने लगे। इस दौरान उन्होंने अश्विन और जडेजा को निशाने पर लिया और उनकी गेंदों को लगातार बाउंड्री के बाहर भेजा। देखते ही देखते जमान ने अपने करियर का पहला शतक ठोक दिया। इसी बीच पाकिस्तान का स्कोर 200 पहुंच गया। शतक लगाने के बाद जमान हर गेंद को बाउंड्री के बाहर भेजने की कोशिश करने लगे और भारत के तेज गेंदबाज हार्दिक पांड्या ने इसी का फायदा उठाते हुए उन्हें जडेजा के हाथों कैच करा भारत को दूसरी सफलता दिला दी।

2 विकेट गिर जाने के बाद शोएब मलिक ने बाबर आजम के साथ मिलकर स्कोर को आगे बढ़ाया और दोनों ने रनरेट को नीचे नहीं आने दिया। हालांकि इसी बीच कोहली ने भुवनेश्वर को गेंदबाजी में वापस बुलाया और उन्होंने मलिक को केदार जाधव के हाथों कैच कराकर भारत को तीसरी सफलता दिला दी। इसके बाद बल्लेबाजी के लिए मोहम्मद हफीज ने पहली ही गेंद पर चौका जड़कर टीम के स्कोर को 250 के पार पहुंचा दिया।

जब लग रहा था कि बाबर आजम अपना अर्धशतक पूरा कर लेंगे, तभी कोहली ने जाधव को गेंद थमाई और उन्होंने बाबर आजम (46) को युवराज के हाथों कैच करा भारत की झोली में चौथी सफलता डाल दी। हालांकि विकेट गिरने के बावजूद हफीज और इमाद वसीम ने तेजी से रन बनाए और टीम ने 46वें ओवर में ही 300 रनों का स्कोर छू लिया। आखिरी ओवरों में वसीम और हफीज ने तेजी से रन बनाए और 50 ओवरों में रनों का 338य4 का स्कोर बनाया।