ICC persuading governments to make fixing a criminal offence says Dave Richardson
ICC Chief Executive Dave Richardson © Getty Images

क्रिकेट में फिक्सिंग सबसे बड़ी चिंता बनकर सामने आई है। पिछले दिनों एक टीवी चैनल द्वारा जारी किए गए डॉक्यूमेंट्री फिल्म में फिक्सिंग को उजागर किया गया था। दावा किया गया था कि मैच फिक्सिंग में इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के खिलाड़ी शामिल थे।

इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (आईसीसी) लगातार भारत सहित अन्य देशों की सरकारों को मनाने की कोशिश कर रहा है कि फिक्सिंग को दंडनीय अपराध बना दिया जाए। आईसीसी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी डेव रिचर्डसन ने बुधवार को श्रीलंका में क्रिकेटरों पर लगे भ्रष्टाचार के गंभीर आरोपों के संदर्भ में यह बात कही।

श्रीलंका के तीन क्रिकेटरों को हाल में आईसीसी भ्रष्टाचार रोधी संहिता के अंतर्गत आरोपित किया गया है, जिसमें सनत जयसूर्या और नुआन जोएसा शामिल हैं। जयसूर्या पर आईसीसी जांच में सहयोग नहीं देने का आरोप लगाया गया है, हालांकि इस पूर्व सलामी बल्लेबाज ने इससे इनकार किया है।

खेल में भ्रष्टाचार के मामले बढ़ते जा रहे हैं, रिचर्डसन ने कहा कि आईसीसी की भ्रष्टाचार रोधी इकाई इस खतरे को रोकने की पूरी कोशिश कर रही है।

रिचर्डसन ने एक प्रचार कार्यक्रम के दौरान कहा, ‘‘हमारे ज्यादातर प्रयास यह है कि अपराधियों को बाधा पहुंचायी जाए और इसका मतलब है कि सरकारों को इस बात के लिए राजी करना है कि वे ऐसा कानून लाएं। जिससे क्रिकेट मैचों को फिक्स करने की कोशिश दंडनीय अपराध बन सकती है ताकि इस तरह के लोगों को जेल में भेजा जा सके।’’