पूर्व भारतीय बल्लेबाज वीवीएस लक्ष्मण ने मैनचेस्ट टेस्ट मैच के रद्द होने पर अपनी निराशा जाहिर की। हालांकि पूर्व खिलाड़ी ने मैनचेस्टर टेस्ट के रद्द होने के लिए इंडियन प्रीमिर लीग को जिम्मेदार ठहराए जाने की मानसकिता की आलोचना की है।

टाइम्स ऑफ इंडिया के अपने कॉलम में उन्होंने कहा, “ये अचानक हुआ, इतनी रोमांचक सीरीज का ऐसा अंत काफी निराशाजनक था लेकिन हालात को देखते हुए ओल्ड ट्रैफर्ड पर खेला जाने वाले टेस्ट रद्द कर दिया गया। इसके लिए खिलाड़ियों या खेल पर आरोप लगाना गलत है।”

उन्होंने कहा, “महामारी के डेढ़ साल बाद भी दुनिया पूरी तरह सुरक्षित नहीं है। कई लोगों के लिए भारतीय टीम को विलेन की तरह देखना बेहद आसान होगा लेकिन मैं आईपीएल के अनुभव से कह सकता हूं कि अगर खिलाड़ियों के करीब रहने वाला कोई भी सदस्य कोविड पॉजिटिव होता है तो ये डरावना होता है।”

पूर्व क्रिकेटर ने कहा, “उस मानसिक स्थिति में मैदान पर उतरना आदर्श स्थिति से बहुत दूर है। इससे मैदान में मौजूद दूसरों को खतरे में डालने का संभावित जोखिम है, चाहे वो आपके साथी हों, अधिकारी हों या विरोधी हों। इस तरह के हालात में मुझे लगता है कि टेस्ट को रद्द करना सही फैसला था।

लक्ष्मण ने आगे कहा, “हालांकि मैं उन प्रशंसकों की निराशा महसूस करता हूं जिन्होंने प्रतियोगिता में इतना समय, पैसा और भावना का निवेश किया था। मुझे उम्मीद है कि आईसीसी स्थिति को देखती है भारत को 2-1 से सीरीज विजेता घोषित करेगी, खासकर जबकि बीसीसीआई ने अगले साल इंग्लैंड के दौरे पर एक टेस्ट खेलने की पेशकश की है।”