IND vs AUS: 'पांचवें दिन बल्लेबाजी नहीं होगी आसान..', ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी ने कही बड़ी बात

मेलबर्न में पांचवें दिन भारतीय बल्लेबाजों का असली टेस्ट होगा. इसे लेकर मार्नश लाबुशेन ने बड़ी बात कही है.

Edited By : Saurav Kumar |Dec 29, 2024, 09:17 PM IST

Published On Dec 29, 2024, 09:17 PM IST

Last UpdatedDec 29, 2024, 09:17 PM IST

Rohit Sharma and Yashasvi Jaiswal

Rohit Sharma and Yashasvi Jaiswal

Marnus Labuschagne on Melbourne 5th Day Batting: ऑस्ट्रेलिया की तरफ से चौथे टेस्ट मैच की दूसरी पारी में सर्वाधिक रन बनाने वाले मार्नस लाबुशेन ने रविवार को यहां कहा कि भारत के लिए ऐसे विकेट पर लक्ष्य का पीछा करना मुश्किल हो सकता है जिसमें असमान उछाल है.

ऑस्ट्रेलिया ने चौथे दिन का खेल समाप्त होने तक अपनी दूसरी पारी में नौ विकेट पर 228 रन बनाए हैं और उसकी कुल बढ़त 333 रन की हो गई है. लाबुशेन ने सर्वाधिक 70 रन बनाए जबकि निचले क्रम में पैट कमिंस (41), नाथन लियोन (नाबाद 41) और स्कॉट बोलैंड (नाबाद 10) ने उपयोगी योगदान दिया.

Add Cricket Country as a Preferred Source add cricketcountry as a preferred source

असमान उछाल से बल्लेबाजी होगी मुश्किल

लाबुशेन से जब पूछा गया कि पांचवें दिन पिच का व्यवहार कैसा होगा, उन्होंने कहा, ‘‘मेरा मानना है की पहली पारी में पिच से कुछ मूवमेंट मिल रहा था. निश्चित रूप से पहले 40 से 50 ओवर तक रन बनाने के लिए संघर्ष करना पड़ा लेकिन खेल आगे बढ़ने के साथ उछाल कम और असमान हो गई. इसलिए हमने देखा कि अधिकतर गेंद विकेट को निशाना बनाकर की गई. ’’

उन्होंने कहा, ‘‘सीम मूवमेंट शायद पहले जैसा ही है लेकिन अब कम गेंद उछाल ले रही है और ऐसे में बल्लेबाजी करना मुश्किल हो जाता है.’’ लाबुशेन ने यह नहीं बताया कि उनकी टीम कल सुबह मौजूदा स्कोर पर ही पारी समाप्त की घोषणा करेगी या नहीं लेकिन उन्होंने यह जरूर कहा कि चौथे दिन उनकी टीम ने रणनीति पर अमल किया.

निचले क्रम ने दिखाया शानदार खेल

उन्होंने कहा, ‘‘मुझे बहुत खुशी हुई कि आप सोचते हैं कि मुझे यह पता है कि हमारी टीम पारी समाप्ति की घोषणा करेगी या नहीं.’’ लाबुशेन ने कहा, ‘‘जाहिर तौर पर हमारे लिए एकदम सही परिणाम था. हमें लग रहा था कि हम गेंदबाजी करके उन पर दबाव बनाएंगे लेकिन जिस तरह से उन्होंने गेंदबाजी की और हमें 40–50 ओवर तक दबाव में रखा उसे देखते हुए पारी समाप्ति की घोषणा करने का हमारे पास विकल्प नहीं था. हम अभी जिस स्थिति में है उसके लिए निचले क्रम को बहुत अधिक श्रेय दिया जाना चाहिए.’’

Editor's Pick