मुंबई के वानखेड़े स्‍टेडियम में मेहमान (IND vs NZ Test) टीम न्‍यूजीलैंड के खिलाफ खेला जा रहा टेस्‍ट मैच इस वक्‍त पूरी तरह से भारत (Team India) की पकड़ में आ गया है. 540 रनों का विशाल लक्ष्‍य देने के बाद टीम इंडिया ने तीसरे दिन का खेल खत्‍म होने तक महज 150 रन पर ही मेहमान टीम के पांच विकेट झटक लिए हैं. कीवी ऑलराउंडर रचिव रविंद्र (Rachin Ravindra) का कहना है कि जब आप 62 रन पर ही पहली पारी में ऑलआउट हो जाएं तो वहां से वापसी की उम्‍मीद बेहद कम रहती है.

भारतीय मूल के रचिन रविन्‍द्र ने तीसरे दिन का खेल समाप्‍त होने तक 23 गेंद में दो रन बना लिए हैं. उनके साथ हेनरी निकोल्स (86 गेंद में 36 रन) भी क्रीज पर डटे हुए हैं. उन्‍होंने कहा, ‘‘ जब आप 60 रन के आस-पास ऑलआउट हो जाते है तो चीजें हमेशा मुश्किल होती है. हमारे लिए कई चीजें सही नहीं रही.’’

‘‘ हम सभी बेहतर बनने का प्रयास करते हैं. हम इस तरह की चीजों को पीछे छोड़ने की कोशिश कर रहे है. यह हमारा सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन नहीं था लेकिन हमें पता था कि हमें दूसरी पारी में खेलना है और हम वहां पूरी क्षमता से संघर्ष करेंगे.’’

रचिन रविन्‍द्र (Rachin Ravindra) ने कहा, ‘‘ खेल के लिए यह महत्वपूर्ण है कि आपने जो किया है उससे सीखें और आगे बढ़ें, यह ज्यादा जरूरी नहीं कि जो हुआ है उस पर जरूरत से ज्यादा ध्यान दिया जाये.

रचिन (Rachin Ravindra) ने कानपुर टेस्‍ट में 91 गेंद में 18 रन बनाकर न्यूजीलैंड की हार से बचाया था. इस वक्‍त भी वो टीम के लिए कुछ उसी अंदाज में बल्‍लबाजी करते हुए नजर आ रहे हैं. उन्‍होंने कहा, ‘‘ उस मैच के बारे में मैं यह नहीं कहूंगा कि मेरी वजह से टीम मैच ड्रॉ करने में सफल रही, वह पूरी टीम के प्रयास से संभव हुआ था. हां, उस पारी से मुझे आत्मविश्वास मिलेगा लेकिन हमें अभी काफी लंबा सफर तय करना है. दो दिन और 180 ओवर बचे है, काफी क्रिकेट बचा है.’’

उन्होंने न्यूजीलैंड टीम के भारतीय मूल के दूसरे खिलाड़ी ऐजाज पटेल की तारीफ की जिन्होंने पहली पारी में 10 विकेट सहित मैच में कुल 14 विकेट झटके. ‘‘ मैं जैजी (ऐजाज) के लिए इससे ज्यादा खुश नहीं हो सकता. वह एक अविश्वसनीय इंसान और एक महान स्पिनर है. हर बार जब हमने उसे गेंद दी, हम जानते थे कि वह हमें परिणाम देगा. उनका टीम में होना मेरे और टीम के अन्य लोगों के लिए भी मददगार है.’’