ऑस्ट्रेलियाई टीम © Getty Images
ऑस्ट्रेलियाई टीम © Getty Images

भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच खेले जा रहे दूसरे वनडे मैच में स्टीवन स्मिथ और ऑस्ट्रेलियाई टीम अंपायर अनिल चौधरी से उलझती नजर आई। मामला था हार्दिक पांड्या के रन आउट का। दरअसल, भारतीय पारी के 48वें ओवर के दौरान कोलकाता के मैदान पर बारिश शुरू हो चुकी थी। इस दौरान केन रिचर्डसन गेंदबाजी कर रहे थे, ओवर की चौथी गेंद को हार्दिक पांड्या ने हवा में खेल दिया और गेंद को स्टीवन स्मिथ ने कैच कर लिया लेकिन क्योंकि गेंद कमर के काफी ऊपर थी और इसलिए अंपायर ने गेंद को नो करार दे दिया। ये भी पढ़ें: भुवनेश्वर कुमार ने हार्दिक पांड्या के ‘हेलमेट’ पर मारी गेंद!

इसी बीच बारिश काफी तेज हो चुकी थी और अंपायरों ने मैच को रोकने का फैसला किया। लेकिन तभी स्मिथ ने गेंद को कैच करने के बाद रिचर्डसन की तरफ फेंकी और उन्होंने पांड्या को रन आउट कर दिया। स्मिथ अब कैच की नहीं बल्कि रन आउट की अपील करने लगे लेकिन अंपायर ने अपील को ठुकरा दिया। इस दौरान मैच रुक चुका था लेकिन स्मिथ और पूरी टीम अंपायरों से बातचीत करने लगी और लगातार अपील करती रही लेकिन इसके बावजूद अंपायरों ने ऑस्ट्रेलियाई टीम की रन आउट की अपील ठुकरा दी।

क्या है नियम: स्मिथ की नो बॉल पर कैच लेने के बाद पांड्या को रन आउट करने की अपील करना क्रिकेट के नियम (29.7) के हिसाब से बिल्कुल गलत थी। क्योंकि नियम ये है कि अगर आप नो बॉल पर कैच कर लेते हैं तो गेंद डेड हो जाती है और इसके बाद रन आउट नहीं माना जा सकता। अगर कैच छूट जाता और इसके बाद टीम खिलाड़ी को रन आउट कर दे तो वो आउट होता। ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ियों को इस नियम के बारे में पता नहीं था और इसिलिए वो अंपायर अनिल चौधरी से उलझ पड़े।