चेतेश्वर पुजारा ©Getty Images
चेतेश्वर पुजारा ©Getty Images

भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच खेले जा रहे दूसरे क्रिकेट टेस्ट मैच के तीसरे दिन मेजबान टीम ने अपनी दूसरी पारी में 213/4 का स्कोर बना लिया है और ऑस्ट्रेलिया पर 126 रन की बढ़त ले ली है। टीम इंडिया के 6 विकेट शेष हैं। इसलिए ये देखना दिलचस्प होगा कि मैच के चौथे दिन टीम इंडिया और कितने रन बनाकर ऑस्ट्रेलिया को बल्लेबाजी करने का मौका देती है। दिन का खेल खत्म होने तक टीम इंडिया के बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा 79* और अजिंक्य रहाणे 40* नाबाद थे।इससे पहले दिन में ऑस्ट्रेलिया अपनी पहली पारी में 276 रन बनाकर ऑलआउट हो गई। इस तरह से ऑस्ट्रेलिया ने पहली पारी के आधार पर टीम इंडिया पर कुल 87 रनों की बढ़त हासिल कर ली थी। टीम इंडिया पहली पारी में 189 रन बनाकर ऑलआउट हो गई थी।

मैच के तीसरे दिन अपने दूसरे दिन के स्कोर 237/6 से आगे खेलने उतरी ऑस्ट्रेलिया टीम कुछ ज्यादा देर तक भारतीय गेंदबाजों का सामना नहीं कर पाई और पूरी टीम 276 रनों पर ऑलआउट हो गई। ऑस्ट्रेलिया की ओर से मिचेल मार्श ने सर्वाधिक 66, मैट रेन्शॉ ने 60 और मैथ्यू वेड ने 40 रनों की पारी खेली।

भारत की ओर से रविंद्र जडेजा ने सर्वाधिक 6 और अश्विन ने 2 विकेट लिए। इनके अलावा ईशांत शर्मा और उमेश यादव को एक- एक विकेट मिले। जवाब में अपनी दूसरी पारी में बल्लेबाजी करने उतरी टीम इंडिया की शुरुआत एक बार फिर से खराब रही और 39 रनों के कुल योग पर उन्होंने अभिनव मुकुंद(16) का विकेट गंवा दिया। इसके बाद राहुल और पुजारा ने स्कोर को आगे बढ़ाया लेकिन राहुल अर्धशतक बनाने के साथ ही 51 रन बनाकर स्टीव ओ कीफ का शिकार बन गए। भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया, दूसरे टेस्ट मैच के तीसरे दिन के लाइव ब्लॉग को पढ़ने के लिए क्लिक करें

दूसरा विकेट 84 के स्कोर पर गिरा। इसी बीच कप्तान कोहली आए और स्कोर को 100 के पार ले गए। कोहली अच्छे स्ट्रोक खेल रहे थे और टच में भी नजर आ रहे थे। लेकिन हेजलवुड की एक गेंद उनके पैड पर लगी और पगबाधा की जोरदार अपील देखने को मिली और उन्हें आउट करार दे दिया गया। कोहली ने 15 रन बनाए। कोहली ने आउट होने के बाद जडेजा को बल्लेबाजी के लिए भेज दिया। उम्मीदें थीं कि जडेजा कुछ कमाल दिखाएंगे लेकिन ऐसा हो नहीं सका और 2 रन बनाकर वह हेजलवुड की गेंद पर बोल्ड हो गए।

ऐसे में टीम इंडिया पर पारी की हार का संकट मंडराने लगा। लेकिन इसी बीच ऐसा हुआ जो अब तक सीरीज में एक बार भी नहीं हुआ। पुजारा और रहाणे पांचवें विकेट के लिए टिक गए और नाबाद 93 रनों की साझेदारी निभा डाली। इस तरह टीम इंडिया ने दिन की समाप्ति पर फिर से ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ चुनौती पेश कर दी है। ऑस्ट्रेलिया की ओर से इस पारी में सर्वाधिक 3 विकेट जोश हेजलवुड ने लिए हैं।

दूसरा दिन: दूसरे दिन ऑस्ट्रेलिया के दोनों सलामी बल्लेबाज मैट रेन्शॉ और डेविड वॉर्नर बल्लेबाजी करने को उतरे। लेकिन कुछ ओवरों के बाद ही रविचंद्रन अश्विन की एक घूमती हुई गेंद पर डेविड वॉर्नर क्लीन बोल्ड हो गए। ऑस्ट्रेलिया का पहला विकेट 52 रनों के योग पर गिरा। वॉर्नर ने 33 रन बनाए। वॉर्नर के आउट होने के बाद बल्लेबाजी करने आए कप्तान स्टीवन स्मिथ ने बड़ी ध्यान से क्रिकेट खेली और धीरे- धीरे पारी को आगे बढ़ाया। लेकिन लंच के ठीक पहले जडेजा ने स्मिथ(8) को आउट करते हुए टीम इंडिया को दूसरी सफलता दिलवाई। स्मिथ ने रेन्शॉ के साथ दूसरे विकेट के लिए 30 रन जोड़े।

स्मिथ के आउट होने के बाद शॉन मार्श ने रेन्शॉ का साथ दिया और दोनों ने ऑस्ट्रेलिया की पारी को 100 के पार पहुंचा दिया। देखते ही देखते रेन्शॉ ने अपना अर्धशतक जड़ दिया। लेकिन जब लग रहा था कि रेन्शॉ बड़ी पारी खेलेंगे तभी जडेजा ने रेन्शॉ को स्टंप आउट करा भारत को तीसरी सफलता दिला दी। रेन्शॉ ने आउट होने से पहले (60) रनों की पारी खेली। रेन्शॉ के आउट होने के बाद पीटर हेंड्सकॉम्ब ने मार्श का साथ देना शुरू किया लेकिन वह (16) रन बनाकर जडेजा का तीसरा शिकार बने। हेंड्सकॉमेब के बाद खेलने उतरे मिचेल मार्श, लेकिन वह भी ऑस्ट्रेलिया को बीच मझधार मैं छोड़ कर चले गए। मार्श अपना खाता भी नहीं खोल सके। मार्श को ईशांत शर्मा ने अपना शिकार बनाया।

पारी के 101वें ओवर में शॉन मार्श को उमेश यादव ने शॉर्ट मिड विकेट पर नायर के हाथों झिलवाया और टीम इंडिया को छठवीं सफलता दिलवा दी। दूसरे दिन की समाप्ति पर ऑस्ट्रेलिया का स्कोर 237/6 था।

पहला दिन: इससे पहले टेस्ट मैच के पहले दिन नाथन लियोन की घातक गेंदबाजी के सामने भारतीय पारी बिखरती चली गई और मात्र 189 रनों पर ही सिमट गई। भारत की तरफ से के एल राहुल को छोड़कर कोई भी बल्लेबाज संघर्ष नहीं कर सका और टीम के पांच बल्लेबाज दहाई के आंकड़े को भी नहीं छू सके। लियोन ने भारत के आठ खिलाड़ियों को अपना शिकार बनाया। भारत की तरफ से के एल राहुल ही टिककर खेल सके और उन्होंने आउट होने से पहले 90 रनों की शानदार पारी खेली।

इसके अलावा टीम का कोई भी अन्य बल्लेबाज बड़ी पारी नहीं खेल सका। राहुल के स्कोर के बाद करुण नायर के (26) रन दूसरा सबसे सर्वोच्च स्कार रहा। भारत को इस हालत में पहुंचाने का श्रेय ऑस्ट्रेलिया के स्पिन गेंदबाज नाथन लियोन को जाता है। लियोन ने पहली पारी में राहुल (90), पुजारा (17), कोहली (12), रहाणे (17), अश्विन (7), साहा (1), जडेजा (3) और ईशांत को (0) पर आउट कर भारत को 200 के भीतर ही समेट दिया। लियोन के अलावा एक विकेट मिचेल स्टार्क और एक विकेट स्टीव ओ’कीफे को हासिल हुआ। इसके साथ ही लियोन ऑस्ट्रेलिया की तरफ से भारत के खिलाफ सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज बन गए।

इससे पहले टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत बेहद खराब रही और टीम का पहला विकेट मुकुंद के रूप में मात्र 11 रनों पर ही गिर गया। के एल राहुल के साथ सलामी बल्लेबाजी के लिए आए मुकुंद अपना खाता भी नहीं खोल पाए और मिचेल स्टार्क ने उन्हें पगबाधा आउट कर भारत को शुरुआती झटका दिया। राहुल शुरुआत में आक्रामक नजर आए और स्टार्क के पहले ही ओवर में उन्होंने 2 चौके जड़कर अपने इरादे जाहिर कर दिए। लेकिन पहला विकेट गिरने के बाद राहुल ने अपने गियर बदले और सूझ-बूझ भरी बल्लेबाजी करने लगे। मुकुंद के जल्दी आउट होने के बाद पुजारा और राहुल ने भारतीय पारी को संभालने का काम किया और दोनों ने दूसरे विकेट के लिए 61 रनों की साझेदारी की। इस दौरान स्टीव ओ’कीफे की गेंद पर राहुल को जीवनदान भी मिला।

लेकिन राहुल ने अपनी एकाग्रता भंग नहीं होने दी। लेकिन पिच पर नजरें जमा चुके पुजारा लंच से ठीक पहले आउट हो गए और भारत का दूसरा विकेट गिर गया। पुजारा को लियोन ने आउट किया। पुजारा के आउट होने के बाद कप्तान कोहली भी कुछ खास नहीं कर सके और 12 रन पर आउट हो गए। कोहली के आउट होने के बाद रहाणे भी कुछ खास नहीं कर सके और अपना विकेट फेंककर चले गए। पुछल्ले बल्लेबाजों को भी ऑस्ट्रेलिया के लियोन ने टिकने नहीं दिया और पूरी टीम को मात्र 189 रनों पर समेट दिया। पहले दिन के खेल की समाप्ति पर ऑस्ट्रेलिया ने पहली पारी में 40 रन बिना किसी नुकसान के बना लिए थे।