एमएस धोनी © Getty Images
एमएस धोनी © Getty Images

भारत और इंग्लैंड के बीच कानपुर के ग्रीन पार्क स्टेडियम में खेले जा रहे पहले टी20I मुकाबले में टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करते हुए टीम इंडिया ने 20 ओवरों में 7 विकेट पर 147 रन बनाए और इंग्लैंड को 148 रन बनाने का लक्ष्य दिया। भारत की ओर से एमएस धोनी  ने सर्वाधिक 36 रन बनाए। रैना ने 34 और कोहली ने 29 रनों की पारी खेली। इनके अलावा कोई अन्य बल्लेबाज कुछ खास नहीं कर सका। इंग्लैंड की ओर से मोईन अली ने सर्वाधिक दो, वहीं टेमल मिल्स, जॉर्डन, प्लंकेट, और बेन स्टोक्स ने 1-1 विकेट लिए।

टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी टीम इंडिया की शुरुआत ठीकठाक रही। कोहली पहली ही गेंद से बड़े स्ट्रोक जड़ने को लेकर आतुर नजर आए और उन्हें जहां भी मौका मिला चौके जड़ दिए। लेकिन केएल राहुल एक बार फिर से अपनी खराब फॉर्म से दूर नहीं जा पाए और 10 रन बनाकर जॉर्डन की गेंद पर आउट हो गए। तीसरे नंबर पर आज सुरेश रैना बल्लेबाजी के लिए आए। रैना ने आते ही दो चौके जड़ दिए। अब ऐसा लग रहा था कि दोनों टीम इंडिया को बड़े स्कोर की ओर ले जाएंगे। लेकिन इसी बीच कोहली को मोईन अली ने आदिल राशिद के हाथों झिलवा दिया। इस तरह टीम इंडिया का दूसरा विकेट 55 रनों के स्कोर पर गिर गया। कोहली ने 26 गेंदों में 29 रन बनाए। [भारत बनाम इंग्लैंड, पहला टी20I, कानपुर: लाइव क्रिकेट स्कोर जानने के लिए क्लिक करें ]

चौथे नंबर पर युवराज सिंह सुरेश रैना का साथ निभाने के लिए आए। दोनों ने अगले तीन ओवरों में 20 रन जोड़े। लेकिन इसी बीच जब दोनों बल्लेबाजों ने रन रेट बढ़ाने की सोची तो युवराज ने प्लंकेट की गेंद पर छक्का जड़ने की कोशिश की और फाइन लेग में आदिल राशिद के हाथों पकड़े गए। इस तरह टीम इंडिया का तीसरा विकेट युवराज सिंह के रूप में 75 रनों के योग पर गिर गया। युवी ने 13 गेंदों में 12 रन बनाए। अब टीम इंडिया संकटों में फंसती नजर आ रही थी। इसलिए मैदान पर धोनी आए। धोनी के मैदान में आते ही रैना का उत्साह छलांगे मारने लगा। भारत बनाम इंग्लैंड पहला टी20, कानपुर(लाइव ब्लॉग), पढ़ने के लिए क्लिक करें…

पहले तो उन्होंने कुछ यहां वहां चौके जड़े। बाद में 13वें ओवर की दूसरी गेंद पर ही उन्होंने स्टोक्स की गेंद पर गगनचुंबी छक्का जड़ दिया। लेकिन अगली ही गेंद पर रैना के स्टोक्स ने बोल्ड कर दिया। इस तरह रैना 23 गेंदों में 34 रन बनाकर आउट हो गए और टीम इंडिया का चौथा विकेट 95 रनों के कुल योग पर गिर गया। ऐसे में टीम इंडिया को कौन संभालता? जवाब था मनीष पांडे। लेकिन पांडे मोईन अली की स्पिन के आगे पांडे कुछ खास नहीं कर सके और 3 रन बनाकर पगबाधा आउट हो गए। इसके बाद अगले कुछ ओवरों में धोनी और पांड्या ने इक्का- दुक्का रन लिए। लेकिन इसी बीच जब पांड्या ने बड़े स्ट्रोक लगाने की कोशिश की वह टेमल मिल्स की गेंद पर बिलिंग्स को कैच दे बैठे। पांड्या ने 12 गेंदों में 9 रन बनाए। इस तरह टीम इंडिया ने अपना छठवां विकेट 118 रनों पर गंवा दिया। चूंकि मैच में गेंदबाजों के खिलाफ रन बनाना मुश्किल नजर आ रहा था। ऐसे में धोनी ने एक- एक रन लेना मुनासिब समझा। अंतिम ओवर में धोनी ने अच्छे हाथ भी दिखाए औ दूसरी, तीसरी गेंद पर दो चौके जड़ दिए।  अंततः धोनी 35 रन बनाकर नाबाद रहे।