भारत vs इंग्लैंड @Twitter

ऑस्ट्रेलिया को 2-1 से रौंदकर लौटी टीम इंडिया अब अपने घर पर इंग्लैंड (India vs England Test Series) के खिलाफ 4 टेस्ट की सीरीज का शुक्रवार को आगाज करने के लिए तैयार है. इस टेस्ट सीरीज के पहले 2 टेस्ट चेन्नई के एमए चिदंबरम स्टेडियम में खेले जाएंगे. कप्तान विराट कोहली (Virat Kohli) पैटरनिटी लीव के बाद अब लौट आए हैं और टीम इंडिया की कमान अब उनके हाथ में है.

ऑस्ट्रेलिया में विराट कोहली और फिर एक के बाद एक कई सीनियर खिलाड़ियों के चोटिल होने के बावजूद टीम इंडिया ने अजिंक्य रहाणे (Ajinkya Rahane) की कप्तानी में ऑस्ट्रेलिया को उसी की धरती पर 2-1 से हराकर लगातार दूसरी बार बॉर्डर गावस्कर ट्रॉफी अपने नाम की थी.

भारत चेन्नई में जीत के दावेदार के रूप में इस सीरीज की शुरुआत करेगा क्योंकि चेन्नई की विकेट स्पिनरों को खासी रास आती है. इंग्लैंड की पिछली बार 2016 में जब भारत दौरे पर आई थी तो 5 मैचों की सीरीज में उसे 0-4 से शिकस्त खानी पड़ी थी. हालांकि मेहमान टीम ने हाल में श्रीलंका को उसके घर में 2-0 से हराया और इससे उसका कॉन्फिडेंस बढ़ा हुआ है. वहीं, भारत ने ऑस्ट्रेलिया में चार मैचों की टेस्ट सीरीज 2-1 से जीती है.

हालांकि इंग्लैंड भी स्पिन और धीमी पिचों पर श्रीलंका के खिलाफ 2 टेस्ट की सीरीज खेलकर यहां पहुंचा है और उसने श्रीलंका को उसके घर में ही 0-2 से पीटा है. ऐसे में उसके इरादे भी मजबूत होंगे. इंग्लैंड के बल्लेबाजी कोच ग्राहम थोर्प और सलाहकार जोनाथन ट्रॉट दोनों ही पहले ही कह चुके हैं कि इंग्लैंड की योजना भारत के खिलाफ पहली पारी में बड़ा स्कोर टांगने की होगी.

हालांकि इंग्लैंड के लिए ऐसा करने आसान नहीं होगा. क्योंकि भले टीम इंडिया में इस वक्त रवींद्र जडेजा, मोहम्मद शमी और उमेश यादव जैसे गेंदबाज मौजूद नहीं हैं. लेकिन भारतीय बॉलिंग अटैक अभी भी अनुभवी इशांत शर्मा, जसप्रीत बुमराह, मोहम्मद सिराज के हाथ में है. इसके अलावा स्पिन विभाग में स्टार ऑफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन, कुलदीप यादव के साथ पिछले टेस्ट में अपना डेब्यू करने वाले वॉशिंग्टन सुंदर के हाथ में है.

चेन्नई के चेकॉप मैदान पर इंग्लैंड के खिलाफ भारत का रिकॉर्ड भी शानदार है. दोनों टीमों ने इस मैदान पर अब तक कुल 9 टेस्ट खेले हैं, जिसमें भारत ने 5 में जीत दर्ज की है, जबकि इंग्लैंड सिर्फ 3 बार ही जीत सका है. वहीं, दोनों टीमों के बीच 1982 में खेला गया मैच ड्रॉ रहा था. भारत ने पिछली बार यहां इंग्लैंड के खिलाफ 2016 में खेला था, जब उसने पारी और 75 रन से शानदार जीत दर्ज की थी.

मेजबान भारत को जून में न्यूजीलैंड के खिलाफ विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) के फाइनल के लिए क्वॉलिफाई करने के इंग्लैंड के साथ इस सीरीज में कम दो टेस्ट मैच जीतने की जरूरत है. भारत को अगर फाइनल में जाना है तो उसे अब चार टेस्ट मैचों की सीरीज में इंग्लैंड को कम से कम 2-0 से हराना ही होगा. 2-1, 3-0, 3-1 या 4-0 की जीत अधिक सुरक्षित होगी. वहीं इसके उलट इंग्लैंड की टीम अगर भारत को हैरान करते हुए यहां 3-0, 3-1, 4-0 के अंतर से जीतती है तो वह फाइनल में पहुंच जाएगी.

इनपुट: IANS