भारतीय वनडे टीम © Getty Images
भारतीय वनडे टीम © Getty Images

भारतीय क्रिकेट टीम के फील्डिंग कोच आर. श्रीधर का कहना है कि श्रीलंका के साथ दूसरे वनडे मैच में मध्यक्रम के धराशायी होने के बावजूद भी टूर्नामेंट के बाकी बचे मैचों में भी बैटिंग ऑर्डर में प्रयोग जारी रहेगा। पांच मैचो की इस सीरीज में भारतीय टीम 2-0 से आगे चल रही है। तीसरा मैच रविवार को पल्लेकेले में ही खेला जायेगा। श्रीधर ने कहा, “हम हर मैच को इस तरह ले रहे कि उससे कुछ सीखकर सीरीज में आगे बढ़ें। पिछले मैच में हमारे साथ जो हुआ उससे टीम ने काफी कुछ सीखा। सीरीज शुरू होने के पहले ही हमें पता था कि अगले 18 महीने तक हमें प्रयोग करना जारी रहेगा।’’

भारतीय टीम ने पिछले मैच में 131 रन पर सात विकेट गंवाने के बाद मैच में शानदार तरीके से वापसी कर जीत दर्ज की। उन्होंने कहा, “अकिला दनंजया ने पिछले मैच में शानदार गेंदबाजी की। हम अपनी गलती से सीखकर आगे बढ़ रहे है और यह सुनिश्चित करेंगे की फिर से टीम ऐसी गलती नहीं करे। हम दूसरे खिलाड़ियों को भी मौका देना चाहते थे क्योंकि राहुल ने एकदिवसीय मैचों के मध्यक्रम में बल्लेबाजी नहीं की है इसलिये हम उसे वहां मौका देना चाहते थे। यह एक प्रयोग था जो आगे भी जारी रहेगा।’’ श्रीधर ने कहा, “हम अलग-अलग खिलाड़ियों को अलग-अलग नंबर पर बल्लेबाजी कराना चाहते हैं ताकि हर खिलाड़ी अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर सके।” तीसरे मैच से पहले आयोजित नेट अभ्यास में महेंद्र सिंह धोनी समेत कई सभी खिलाड़ियों ने भाग लिया। [ये भी पढ़ें: तीसरे वनडे में एमएस धोनी बनाएंगे ‘2 शतक’?]

धोनी के बारे में बात करते हुए श्रीधर ने कहा, “धोनी किसी भी मैच में जाने से पहले यह सुनिश्चित करते हैं कि वह पूरी तरह से तैयार हैं। एक पेशेवर खिलाड़ी के तौर पर वह अपनी फिटनेस को अच्छी तरह जानते हैं।” उन्होंने कहा कि दूसरे एक दिवसीय के दौरान चोटिल हुये हार्दिक पांड्या भी अब पूरी तरह उबर गये हैं और अगले मैच में चयन के लिये मौजूद रहेंगे। फिटनेस को अहम पहलू मानने वाली भारतीय टीम फील्डिंग के मामले में सर्वश्रेष्ठ टीम बनना चाहती है।

श्रीधर ने कहा, “खिलाड़ियो में प्रेरणा की कोई कमी नहीं है, उनके लिये अपने देश का प्रतिनिधित्व करना सबसे बड़ी प्रेरणा है। जहां तक नेट में फील्डिंग के अभ्यास का सवाल है तो यह खिलाड़ियों पर आधारित होता है। अगर कोई खिलाड़ी पांच या आठ मैच लगातार खेलता है तो उसके प्रति हम काफी सतर्क रहते हैं। फील्डिंग अभ्यास को हम इस तरह तैयार करते हैं कि जो खिलाड़ी मैच का हिस्सा नहीं है, उन्हें थोड़ी ज्यादा मेहनत करनी होती हैं।” श्रीधर के बयान से साफ है कि तीसरे वनडे में बल्लेबाजी ऑर्डर में कोई बड़ा बदलाव संभव है, हालांकि कप्तान कोहली ने इस सीरीज पर गेंदबाजी में कुछ खास प्रयोग नहीं किए हैं।