कोच स्टीफन फ्लेमिंग ने कहा है कि चेन्नई सुपरकिंग्स को अकेले दम पर आईपीएल फाइनल में पहुंचाने वाले फॉफ ड्यु प्लेसी को सैम बिलिंग्स के चोटिल होने की वजह से सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ पहला क्वालिफायर खेलने का मौका मिला। जीत के लिए 140 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए चेन्नई ने सात विकेट 92 रन पर ही गंवा दिए थे लेकिन फॉफ ने 42 गेंदो पर नाबाद 67 रन बनाकर टीम को जीत तक पहुंचाया। चेन्नई सुपरकिंग्स 27 मई को मुंबई के वानखेड़े में आईपीएल 11 का फाइनल मैच खेलेगी।

मुंबई लौटने के लिए कोलकाता में कड़ी मेहनत करनी होगी: केन विलियमसन
मुंबई लौटने के लिए कोलकाता में कड़ी मेहनत करनी होगी: केन विलियमसन

फ्लेमिंग ने कहा, ‘‘सैम पिछले मैच में घायल हो गया था। उसे कूल्हे पर खरोंच आई है। अगर वो फिट होता तो उसे ही मौका मिलता। हमने उसकी गैर मौजूदगी में फॉफ को उतारा। हमें खुशी है कि ये फैसला सही साबित हुआ और फॉफ ने शानदार पारी खेली। टूर्नामेंट के अधिकांश मैचों में बाहर रहने के बावजूद इस तरह की पारी खेलना उसकी मानसिक दृढता और तकनीकी कौशल दिखाता है। हमने सही समय पर सही खिलाड़ी चुना और उसने ये यादगार प्रदर्शन किया।’’

दक्षिण अफ्रीकी टीम के कप्तान ड्यु प्लेसी चोट के चलते सीएसके के शुरुआती मैचों में नहीं खेले थे। 11वें सीजन में ड्यु प्लेसी में अब तक केवल 5 खेले हैं, जिसमें उन्होंने 38 की औसत से 152 रन बनाए हैं। हालांकि क्वालिफायर मैच में जब चेन्नई टीम दबाव में थी तो उन्होंने एक छोर पर खड़े रहकर अकेले ही टीम को मैच जिता दिलाई। निचले क्रम के बल्लेबाज शार्दुल ठाकुर ने भी ड्यु प्लेसी का अच्छा साथ दिया था।