भारतीय टीम के पूर्व सलामी बल्‍लेबाज वीरेंद्र सहवाग (Virendra Sehwag) ने अमित मिश्रा (Amit Mishra) से जुड़े एक पुराने वाकये के बारे में फैन्‍स को बताया. वीरू ने बताया कि आईपीएल में पहली बार हैट्रिक लेने के बाद मिश्रा जी ने अपनी सैलरी बढ़ाने की इच्‍छा जताई थी.

मुंबई इंडियंस के खिलाफ (Delhi Capitals vs Mumbai Indians) मुकाबले में दिल्‍ली कैपिटल्‍स (DCvsMI) के स्पिनर अमित मिश्रा का जादू देखने को मिला. उन्‍होंने चार विकेट हॉल अपने नाम कर मुंबई के बल्‍लेबाजी क्रम की कमर तोड़ दी. मिश्रा जी ने अपने एक ही ओवर के अंदर रोहित र्श्‍मा और हार्दिक पांड्या को डगआउट का रास्‍ता दिखा दिया था. इसके अलावा कीरोन पोलार्ड और इशान किशन भी अमित मिश्रा का शिकार बने.

अमित मिश्रा आईपीएल में तीन बार हैट्रिक ले चुके हैं. मिश्रा जी की परफॉर्मेंस पर बातचीत करते हुए वीरेंद्र सहवाग ने कहा, “मिश्रा (Amit Mishra) ऐसा इंसान है जो अक्‍सर बेहद शांत रहता है और सभी से बेहद प्‍यार से बात करता है. वो हर किसी से जल्‍दी घुल मिल जाता है. यही वजह है कि वो टीम में सभी का फेवरेट बन जाता है.”

“जब भी गेंदबाजी के दौरान उसकी पिटाई होती है तो अन्‍य गेंदबाजों को उसके लिए दुख होता है. इसी तरह जब वो विकेट लेता है तो हर कोई उसके लिए खुश होता है.”

वीरेंद्र सहवाग (Virendra Sehwag) ने कहा, “मुझे याद है जब अमित मिश्रा (Amit Mishra) ने पहली हैट्रिक ली थी तो मैंने उससे पूछा था कि अब तुम क्‍या चाहते हो उसने मुझे जवाब दिया कि वीरू भाई मेरी सेलरी बढ़वा दीजिए. अब मैं ऐसा महसूस कर रहा हूं कि उसे वो राशि मिल रही है जो वो चाहता था. उसे दूसरी हैट्रिक लेने के बाद सैलरी बढ़वाने के लिए अनुरोध करने की जरूरत नहीं पड़ी होगी.”

…तो रोहित शर्मा मारते 70 रन

“वो बेहद अच्‍छी गेंदबाजी करता है. यही वजह है कि वो इस वक्‍त सर्वश्रेष्‍ठ गेंदबाजों में से एक है. एक स्पिनर के तौर पर उसके नाम इस टूर्नामेंट में सर्वाधिक विकेट हैं. अगर रोहित शर्मा ने अपनी नॉर्मल गेम खेली होती तो वो 60-70 रन मारते.”

…हार्दिक को पढ़ने में नहीं की चूक

वीरेंद्र सहवाग (Virendra Sehwag) ने कहा, “अमित मिश्रा (Amit Mishra) जानते थे कि अगर हार्दिक पांड्या स्पिन के खिलाफ खेलेंगे तो वो अटैक ही करेंगे. उसके इलाके में गेंद आई तो वो मारेगा ही. अगर उसका दिन हुआ तो खूब रन बनाएगा. मिश्रा इतने समझदार है कि उन्‍हें पता है कि हार्दिक जैसे बल्‍लेबाज को कैसी गेंद डालनी है. बल्‍लेबाजी की चिंता किए बिना मिश्रा चुनौतियों को स्‍वीकार करता है.”