Jasprit Bumrah is definitely a cut above the rest, saya Yuvraj Singh
जसप्रीत बुमराह (IANS)

वेस्टइंडीज के खिलाफ जमैका टेस्ट में पहली हैट्रिक लेने के बाद भारतीय तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह की हर तरफ प्रशंसा हो रही है। पूर्व दिग्गजों सुनील गावस्कर, इयान बिशप और एंडी रॉबर्ट्स के बाद अब युवराज सिंह ने भी बुमराह को सदियों में एक बार सामने आने वाला गेंदबाज बताया है।

टाइम्स ऑफ इंडिया को दिए इंटरव्यू में युवराज की जमकर तारीफ की। पूर्व भारतीय बल्लेबाज ने कहा, “बुमराह एक क्लास खिलाड़ी है। वो सदियों में एक बार दिखने वाला गेंदबाज है। मैंने पहली बार 2013 में मोहाली के पीसीए स्टेडियम में गुजरात के खिलाफ रणजी मैच में उसका सामना किया था। मैंने उसका चार ओवर का खतरनाक स्पेल खेला और तुरंत समझ गया कि वो भारत के लिए टेस्ट क्रिकेट में मैचविनर बनेगा।”

सीमित ओवर फॉर्मेट के जरिए भारतीय टीम में कदम रखने वाले बुमराह बाकी खिलाड़ियों की तरह टेस्ट क्रिकेट में हाथ आजमाना चाहते थे। हालांकि कई क्रिकेट समीक्षकों का मानना था कि ये तेज गेंदबाज लंबे फॉर्मेट में उतना सफल नहीं होगा जितना कि वनडे और टी20 में है। लेकिन बुमराह ने सभी को गलत साबित किया।

हीथर नाइट-दीप्ति शर्मा की साझेदारी के दम पर वेस्टर्न स्टॉर्म ने जीता किया सुपर लीग फाइनल

युवराज ने कहा, “उस समय, कई लोगों ने उसके अनोखे एक्शन की वजह से टेस्ट में सफल होने की उसकी क्षमता पर सवाल उठाए थे। लेकिन पिछले तीन सालों में तीनों फॉर्मेट्स में शानदार प्रदर्शन के दम पर उसने अपने आलोचकों को खामोश रखा है। फिलहाल वो, बाकी गेंदबाजों से अलग स्तर पर है।”

विश्व कप नायक युवराज ने माना कि टीम इंडिया का मौजूदा पेस अटैक शानदार है लेकिन उन्होंने इसकी तुलना पिछली टीमों के अटैक से करने से इंकार किया। युवराज ने कहा, “आप भूतकाल के पेस अटैक की तुलना नहीं कर सकते। जैक (जहीर खान) वहां था, उसने इंग्लैंड में (2007-08) की टेस्ट सीरीज जिताई थी। मेरे विचार से अलग अलग समय के क्रिकेटर्स की तुलना करना सही नहीं होगा।”

श्रीलंका के खिलाफ टी20 सीरीज से बाहर हुए लोकी फर्ग्यूसन

उन्होंने आगे कहा, “मौजूदा पेस अटैक निश्चित तौर पर बेहतरीन है। शमी और भुवी टेस्ट टीम में काफी समय से हैं। इशांत भी लंबे समय से यहां है और बुमराह अपने काबिलियत के साथ यहां है। ये एक अच्छा टेस्ट गेंदबाजी अटैक है लेकिन मैं फिर भी मानता हूं कि वनडे-टी20 में गेंदबाजों की काम मुश्किल हो गया है।”