Jhye Richardson admits quadrangular series is a way to aim for open spots in UAE series against Pakistan
Jhye Richardson © Getty Images
ट्रेविस हेड की कप्तानी में ऑस्ट्रेलिया ए टीम भारत में क्वाड्रैंगुलर सीरीज  खेल रही है। इस टीम में शामिल सभी युवा खिलाड़ियों के लिए ये सीरीज पाकिस्तान के खिलाफ अक्टूबर में होने वाली टेस्ट सीरीज में जगह बनाने का अच्छा मौका है। इन्हीं खिलाड़ियों में से एक हैं तेज गेंदबाज जाई रिचर्डसन। रिचर्डसन ने मानना है कि टीम में यूएई सीरीज को लेकर बातें हो रही हैं, हालांकि उन्होंने साफ कहा कि टीम के लिए मौजूदा सीरीज ज्यादा मायने रखती है।
रिचर्डसन ने कहा, “इस दौरे को लेकर काफी ज्यादा चर्चा हो रही है और इस बात पर भी की ये कितना अहम है। अगर खिलाड़ी भविष्य के बारे में सोचते रहेंगे तो वो आज अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाएंगे। इस टीम में जिस बारे में हमने बात की है, वो ये कि किस तरह अपने दिमाग को शांत रखा जाय और भटकने ना दिया जाय। हम भविष्य के बारे में नहीं सोच रहे हैं और इस दौरे पर ध्यान दे रहे हैं।”
ऑस्ट्रेलिया टीम के नए कोच और चयन समिति के सदस्य जस्टिन लैंगर ने खिलाड़ियों को खुद से पहले टीम को रखने का संदेश दिया है। इस बारे में रिचर्डसन ने कहा, “जस्टिन लैंगर ने कहा कि हमे वही करना है जो टीम के लिए सही हो। उन्होंने बताया कि ‘हमे केवल गेंद पर ध्यान लगाना है, गेंद ही हमारी जिंदगी की सबसे जरूरी चीज है’, और मैं वही कर रहा हूं। उम्मीद है कि बाकी लड़के भी वही करेंगे।”
रिचर्डसन जानते हैं कि भारत में तेज गेंदबाजों को ज्यादा मदद नहीं मिलती, ऐसे में विकेट लेने के लिए हालात के हिसाब से खुद को ढालने की जरूरत पड़ती है। भारत आने से पहले उन्होंने पूर्व क्रिकेटर और ऑस्ट्रेलिया ए टीम के चयनकर्ता ग्रैग चैपल से बात की। चैपल ने रिचर्डसन को लालच ना करने की सलाह दी।
उपमहाद्वीप में तेज गेंदबाजी के बारे में रिचर्डसन ने कहा, “मैने कई लोगों से बात की और लगभग सभी ने कहा कि धैर्य रखना जरूरी है। भारत में, विकेट तेज गेंदबाजों के मददगार नहीं होते हैं। ऐसे में लालच ना करें और धैर्य के साथ गेंदबाजी करें। ऑफ स्टंप पर ज्यादा से ज्यादा गेंदबाजी करें और बल्लेबाज पर दबाव बनाए। भारत में विकेट लेने का यही तरीका है। अगर विकेट धीमा है तो बल्लेबाज को इसी तरह आउट किया जा सकता है। उन पर दबाव बनाएं और डॉट गेंद कराएं।”