कर्नाटक के दो पूर्व क्रिकेटर सीएम गौतम और अबरार काजी को स्पॉट फिक्सिंग के मामले में राज्य पुलिस की सेंट्रल क्राइम ब्रांच (सीसीबी) ने गिरफ्तार किया है। इन दोनों को इस साल के शुरुआत में हुए कर्नाटक प्रीमियर लीग (केपीएल) के फाइनल में फिक्सिंग करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है।

‘क्रिकइंफो’ के अनुसार, टूर्नामेंट में बेल्लारी टस्कर्स टीम के कप्तान गौतम और इसी टीम के खिलाड़ी काजी पर हुबली टाइगर्स के खिलाफ हुए फाइनल में फिक्सिंग करने के लिए कथित तौर पर 20 लाख रुपये लेने का आरोप है।

मैच में टस्कर्स को आठ रन से हार झेलनी पड़ी थी। 153 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए टस्कर्स की टीम 144 रनों पर सिमट गई थी। गौतम ने 37 गेंदों पर 29 रन बनाए थे जबकि काजी ने छह गेंदों पर 13 रनों की पारी खेली थी।

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ऐसा माना जा रहा है कि यह दोनों खिलाड़ी बेंगलुरू ब्लास्टर्स के खिलाफ एक और मैच में भी फिक्सिंग में शामिल थे। ज्वॉइंट कमिश्नर ऑफ पुलिस (एसीपी) संदीप पाटिल ने कहा, “सीसीबी ने केपीएल स्पॉट फिक्सिंग स्कैंडल में दो गिरफ्तारी की है।”

पाटिल ने कहा, “बेल्लारी टीम के कप्तान सीएम गौतम और अबरार काजी को गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने हुबली और बेल्लारी के बीच हुए केपीएल 2019 के फाइनल में स्पॉट फिक्सिंग की। उन्हें धीमी बल्लेबाजी की और उसके के लिए 20 लाख रुपये लिए। उन्होंने एक दूसरे मैच में बैंगलोर टीम के खिलाफ भी फिक्सिंग की। आगे जांच होगी और अधिक गिरफ्तारियां भी की जाएंगी।”

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केपीएल में सटोरियों और खिलाड़ियों के बीच मध्यस्थ के रूप में काम करने के आरोप में निशांत शेखावत नामक खिलाड़ी को दो दिन पहले गिरफ्तार किया गया था। केपीएल स्पॉट फिक्सिंग मामले में अबतक कुल सात गिरफ्तारियां हो चुकी हैं जिसमें चार खिलाड़ी भी शामिल हैं।