×

बल्‍लेबाजी कोच पद की दौड़ में शामिल हुए लालचंद राजपूत

एमएसके प्रसाद की अध्‍यक्षता वाली चयन समिति ने सोमवार से बल्‍लेबाजी, गेंदबाजी और फील्डिंग कोच के चयन की प्रक्रिया शुरू कर दी है।

Lalchand Rajpoot (File Photo)@ AFP

Lalchand Rajpoot AFP

भारतीय टीम के मुख्य कोच के पद के लिए नजरअंदाज किये गये लालचंद राजपूत अब बल्लेबाजी कोच बनने की दौड़ में शामिल हो गये हैं जिसके लिए उन्होंने सोमवार को अन्य दावेदारों के साथ साक्षात्कार दिया।

एमएसके प्रसाद की अगुवाई वाली चयन समिति टीम के सहयोगी सदस्यों को चुनाव करेगी। बल्लेबाजी कोच के लिए 57 साल के राजपूत के दावेदारी पेश करने से मुकाबला दिलचस्प हो गया है। पूर्व टेस्ट बल्लेबाज विक्रम राठौर को पहले से ही संजय बांगड़ की जगह लेने के लिए मजबूत दावेदार माना जा रहा था।

पढ़ें:- साउथ अफ्रीका ए के खिलाफ पांच मैचों की वनडे सीरीज के लिए टीम का ऐलान

एक बार फिर से टीम के मुख्य कोच चुने गये रवि शास्त्री ने मौजूदा सहयोगी सदस्यों को बरकरार रखने की ओर इशारा किया जिससे यह माना जा रहा कि गेंदबाजी कोच भरत अरूण और  फील्डिंग कोच आर. श्रीधर का दावा काफी मजबूत रहेगा।

मौजूदा बल्लेबाजी कोच बांगड़ को हालांकि कड़ी चुनौती मिलेगी क्योंकि सबसे ज्यादा आवेदन इस पद के लिए आए हैं। बांगड़ 2014 से टीम से जुड़े हुए हैं जिनके बल्लेबाजी कोच रहते हुए भारतीय टीम ने 50 टेस्ट और 119 एकदिवसीय खेले हैं।

पढ़ें:- अफगानिस्‍तान क्रिकेट बोर्ड ने मोहम्‍मद शहजाद पर लगाया एक साल का प्रतिबंध

सहयोगी सदस्यों के चयन की पूरी प्रक्रिया के हालांकि गुरुवार तक चलने की संभावना है। इस दौरान बल्लेबाजी, गेंदबाजी और फील्डिंग कोच के साक्षात्कार लिये जाएंगे।

बीसीसीआई ने बांगड़, अरूण, श्रीधर और टीम के प्रशासनिक प्रबंधक सुनील सुब्रमण्यम का करार वेस्टइंडीज दौरे तक बढ़ा दिया था।

बल्लेबाजी कोच के लिए प्रवीण आमरे, मुंबई के दिग्गज अमोल मजूमदार और सौराष्ट्र के सितांशु कोटक ने भी दावेदारी पेश की है। यह पता चला है कि भारत के पूर्व बल्लेबाज ऋषिकेश कानितकर और दिल्ली के पूर्व बल्लेबाज मिथुन मिन्हास भी पांच सदस्यीय पैनल के समक्ष साक्षात्कार के लिए उपस्थित हुए।

साक्षात्कार देने वाले एक उम्मीदवार ने कहा कि यहां प्रस्तुती देना जरूरी नहीं था। गेंदबाजी कोच के लिए पूर्व भारतीय तेज गेंदबाज वेंकटेश प्रसाद, पारस महाम्ब्रे और अमित भंडारी साक्षात्कार के लिए उपस्थित हुए।

पढ़ें:- ब्रैड हैडिन बने सनराइजर्स हैदराबाद के नए सहायक कोच

पिछले सप्ताह कपिल देव की अगुवाई वाली क्रिकेट सलाहकार समिति (सीएसी) ने 2021 विश्व कप तक के लिए रवि शास्त्री को फिर से भारतीय टीम का मुख्य कोच चुना था।

मापदंड के अनुसार बल्लेबाजी, गेंदबाजी, और फील्डिंग कोच के लिए दावेदारी करने वाले के पास कम से कम 10 टेस्ट या 25 एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैच का अनुभव होना चाहिये और उसकी उम्र 60 साल से कम होनी चाहिए। सहयोगी सदस्यों का चयन का क्रम मंगलवार को भी जारी रहेगा।

trending this week