लसिथ मलिंगा © Getty Images
लसिथ मलिंगा © Getty Images

करीब एक से डेढ़ साल बाद चोट के कारण अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में वापसी करने वाले श्रीलंका के लसिथ मलिंगा को विकेट लेने में खासी मशक्कत करनी पड़ी है। अब वह अपनी गेंदबाजी में सुधार के लिए पूर्व भारतीय तेज गेंदबाज जहीर खान के पास गए हैं। इंडियन प्रीमियर लीग ने विभिन्न देशों के क्रिकेटरों के बीच आत्मीयता और दोस्ती बढ़ाने में अहम भूमिका निभाई है। ये दोनों दिग्गज तेज गेंदबाज मुंबई इंडियंस के लिए कई सालों तक खेले हैं। मलिंगा सोमवार को 34 साल के हो गए। उन्होंने इस दौरान इस बात को स्वीकार किया कि पहले के मुकाबले उनके पेस में गिरावट देखने को मिली है। इसलिए वह जहीर खान से अपनी गेंदबाजी में सुधार के लिए सलाह मशविरा करना चाहते हैं।

दोनों दिग्गजों की बातचीत पल्लेकेल में खेले गए तीसरे वनडे मैच के पहले हुई थी इसके बाद उनकी मुकालात बुधवार को चौथे वनडे मैच के पहले हुई। गौरतलब है कि इस सीरीज में जहीर खान कॉमेंट्री कर रहे हैं। मलिंगा ने कहा, “मैं जहीर खान के साथ 3 से 5 सालों तक आईपीएल में खेला हूं। वह भारतीय गेंदबाजी आक्रमण के लीजेंड हैं। हम दुनिया के बहुत सारे गेंदबाजों से बातचीत करते हैं। जब मैं उनसे मिलता हूं तो मैं उनका अनुभव जानना चाहता हूं।”

मलिंगा ने कहा, “क्योंकि वे कॉमेंट्री बॉक्स में होते हैं इसलिए वह मेरे हर बॉडी मूवमेंट और गेंदबाजी एक्शन को देखते हैं। साथ ही मैं कैसे गेंद को स्विंग करता हूं। उन्हें इस बारे में अच्छी तरह से पता है कि मैं अब कैसे गेंदबाजी कर रहा हूं। इसलिए जब भी मुझे मौका मिलता है मैं अपने गेंदबाजी एक्शन के बारे में बातचीत करता हूं साथ ही इस बारे में भी बातचीत करता हूं कि कैसे इसे सुधारा जा सकता है। जहीर खान एक सीम और स्विंग गेंदबाज हैं। और मैं उस तरह की चीजें अगले सालों में ज्यादा सीखना चाहता हूं। इसी के बारे में मैंने उनसे बातचीत की।”  [ये भी पढ़ें: कोलंबो वनडे: भारत के खिलाफ हारा श्रीलंका तो वर्ल्ड कप में नहीं मिलेगी ‘डायरेक्ट एंट्री’]

पिछले कुछ दिनों से विकेट न ले पाने के कारण मलिंगा की खूब आलोचना हुई है और कई लोगों ने तो उन्हें संन्यास लेने तक की सलाह दे डाली वैसे इस बात से उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ा है। उन्होंने यह तक कह डाला कि वह 2023 तक क्रिकेट खेलना चाहते हैं।

लसिथ मलिंगा को वनडे में अपने 300 विकेट पूरे करने के लिए सिर्फ 1 विकेट की दरकार है। इसके साथ ही वह 300 विकेट लेने वाले चौथे श्रीलंकाई गेंदबाज बन जाएंगे। मुथैया मुरलीधरन, चमिंडा वास, और सनथ जयसूर्या इसके पहले यह मील का पत्थर छू चुके हैं।