टीम इंडिया मे चयन को लेकर उत्साहित हैं मयंक अग्रवाल

मयंक भारत-वेस्टइंडीज के बीच होने वाले टेस्ट सीरीज में अपना डेब्यू कर सकते हैं।

Edited By : Cricket Country Staff |Sep 30, 2018, 09:53 AM IST

Published On Sep 30, 2018, 09:53 AM IST

Last UpdatedSep 30, 2018, 09:53 AM IST

Mayank Agarwal © IANS

पिछले कुछ सालों से घरेलू क्रिकेट में लगातार शानदार प्रदर्शन करते आ रहे सलामी बल्लेबाज मयंक अग्रवाल को आखिरकार अपनी मेहनत का फल मिल ही गया। शनिवार रात बीसीसीआई ने जब वेस्टइंडीज के खिलाफ दो टेस्ट मैचों के लिए चुनी गई भारतीय टीम का ऐलान किया तो इस स्क्वाड में मयंक का नाम शामिल किया। फिलहाल वेस्टइंडीज के खिलाफ अभ्यास मैच खेल रहे मयंक को ये खबर अपने घरवालों से मिली।

कर्नाटक के इस बल्लेबाज ने आईएएनएस से फोन पर बातचीत में कहा, “मेरे घरवालों ने फोन पर मुझे इस बात की जानकारी दी। मैं काफी खुश हुआ। मेरे घर वाले भी काफी खुश थे।”

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अपने चयन पर मयंक का कहना है कि वो इससे काफी खुश हैं और अच्छा प्रदर्शन करने की कोशिश करेंगे। मयंक इस समय वडोदरा में हैं जहां वह भारतीय बोर्ड प्रेसीडेंट इलेवन साथ वेस्टइंडीज के खिलाफ दो दिवसीय मैच खेल रहे हैं। मयंक ने मैच के पहले दिन 90 रनों की शानदार पारी खेली

मयंक ने चयन के बाद कहा, “मैं भारतीय टेस्ट टीम में नाम आने से काफी खुश और उत्साहित महसूस कर रहा हूं। ये बेहद अच्छा अहसास है। मेरी कोशिश मौका मिलने पर अच्छा प्रदर्शन करने की होगी।”

मयंक ने पिछले सीजन रणजूी ट्रॉफी, विजय हजारे ट्रॉफी, सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी लगभर हर बड़े घरेलू टूर्नामेंट में अपने बल्ले का जौहर दिखाया था। साथ ही उन्होंने इंडिया-ए के लिए भी बीते एक साल में कई अच्छी पारियां खेलीं हैं। इसी वजह से वो चयनकर्ताओं की नजरों में बने हुए थे, लेकिन टीम में जगह बनाने से चूक रहे थे।

मयंक रणजी ट्रॉफी 2017-18 में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज रहे थे। उन्होंने आठ मैचों की 13 पारियों में 105.45 की औसत से 1160 रन बनाए थे जिसमें पांच शतक और दो अर्धशतक भी शामिल हैं। इन पांच शतकों में महाराष्ट्र के खिलाफ लगाया गया तिहरा शतक भी शामिल है। मयंक ने इसी प्रदर्शन के कारण अपनी टीम को सेमीफाइनल में पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई थी। विजय हजारे ट्रॉफी 2017-18 में भी मयंक सर्वोच्च स्कोर रहे थे। उन्होंने आठ मैचों में 90.73 की औसत से 723 रन बनाए थे जिसमें तीन शतक और पांच अर्धशतक शामिल हैं।

मयंक से जब पूछा गया कि क्या इतने दिनों तक नजरअंदाज किए जाने से वह हताश थे तो उन्होंने कहा कि उनका काम अच्छा प्रदर्शन करना है और यही उनके हाथ में है न कि चयन। उन्होंने कहा, “एक खिलाड़ी के तौर पर आपके हाथ में आपका प्रदर्शन होता है आप उसी को नियंत्रित कर सकते हो और मेरा ध्यान अपने प्रदर्शन पर ही होता है बाकी चीजें मेरे हाथ में नहीं हैं तो मैं उन पर ध्यान नहीं देना चाहता। इस सीजन की शुरुआत भी मैंने इस सोच के साथ की थी कि पिछले सीजन में मैंने जो अच्छा प्रदर्शन किया उसे जारी रख सकूं। मेरा उन चीजों पर ध्यान था जो मुझे परिणाम दे रही थीं।”

भारत और वेस्टइंडीज टीम के बीच टेस्ट सीरीज का पहला मैच 4 अक्टूबर से राजकोट में खेला जाएगा।

(आईएएनएस न्यूज)

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