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यह शर्मनाक है, बात करने का भी तरीका होता है..., राहुल को फटकारने वाले गोयनका पर बरसे शमी
मोहम्मद शमी ने कहा कि ये सब बातें निजी रूप से की जा सकती थीं. शमी ने कहा कि यह शर्मनाक है. आपका एक दायरा होना चाहिए. बात करने का एक तरीका होता है.
Published On May 10, 2024, 03:37 PM IST
Last UpdatedMay 10, 2024, 03:37 PM IST
shami
नई दिल्ली: स्टार तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी (Mohammad Shami) ने भारतीय टीम के अपने साथी खिलाड़ी केएल राहुल (KL Rahul) पर सार्वजनिक रूप से भड़ास निकालने वाले संजीव गोयनका (Sanjiv Goenka) पर बरसते हुए कहा है कि लखनऊ सुपर जाइंट्स (Lucknow Super Giants) टीम की हार के बाद टीवी कैमरे पर उसके मालिक की इस तरह की प्रतिक्रिया के लिए खेलों में कोई जगह नहीं है.
सनराइजर्स हैदराबाद (Sunrisers Hyderabad) के खिलाफ लखनऊ की दस विकेट से हार के बाद राहुल पर बरसते हुए गोयनका की वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गई. शमी (Mohammad Shami) इस पर प्रतिक्रिया व्यक्त करने वाले पहले भारतीय क्रिकेटर हैं.
शमी ने ‘क्रिकबज लाइव’ पर कहा, ‘करोड़ों लोग आपको देख रहे हैं और आपसे सीख रहे हैं. अगर कैमरे के सामने ये चीजें होती है और स्क्रीन पर ऐसी प्रतिक्रिया देखने को मिलती है तो यह शर्मनाक है.’ उन्होंने कहा, ‘आपका एक दायरा होना चाहिए बात करने का , ये मैसेज बहुत गलत जाता है.’
टीवी कमेंटेटर ग्रीम स्मिथ (Greame Smith) और स्कॉट स्टायरिस (Scott Styris) ने भी कहा था कि ऐसी बातें निजी तौर पर होनी चाहिए, कैमरे के सामने नहीं.
शमी ने कहा, ‘यह ध्यान रखना चाहिए कि खिलाड़ियों का सम्मान है और आप भी बतौर मालिक सम्मानित व्यक्ति हैं. ऐसा नहीं है कि आप अचानक बात कर रहे हैं. अगर ऐसा करना ही था तो कई तरीके हैं. आप ड्रेसिंग रूम या टीम होटल में ऐसा कर सकते थे. मैदान पर करना जरूरी नहीं था. ऐसी प्रतिक्रिया दे के कोई लाल किले पे झंडा तो नहीं गाड़ दिया आपने.’
चोट के कारण आईपीएल (IPL) का यह सत्र नहीं खेल रहे शमी ने कहा, ‘वह कप्तान है, कोई आम खिलाड़ी नहीं. यह टीम का खेल है. अगर रणनीति सफल नहीं रही तो यह कोई बड़ी बात नहीं है. खेल में कुछ भी हो सकता है. अच्छे और बुरे दिन आते हैं और हर खिलाड़ी का सम्मान होता है. यह बात करने का कोई तरीका नहीं है.’
उन्होंने कहा, ‘खेल में कई बार तनाव के पल आते हैं और खिलाड़ी भी एक दूसरे से लड़ जाते हैं. क्रिकेट ही नहीं, हर खेल में ऐसा होता है. एक खिलाड़ी का दूसरे खिलाड़ी से बात करना अलग है लेकिन बाहर से किसी का इस तरह खिलाड़ी से बात करना अलग है. खेलों में इस तरह की प्रतिक्रिया के लिए कोई जगह नहीं है.’