जानें किस वजह से महेंद्र सिंह धोनी को बनाया गया था टीम इंडिया का कप्तान

धोनी ने बताया कि सभी सीनियर और जूनियर खिलाड़ियों के साथ उनका अच्छा व्यवहार था।

Edited By : Gunjan Tripathi |Nov 17, 2017, 05:28 PM IST

Published On Nov 17, 2017, 05:28 PM IST

Last UpdatedNov 17, 2017, 05:28 PM IST

महेंद्र सिंह धोनी को 2007 में टी20 टीम का कप्तान चुना गया था © Getty Images

भारत के सबसे सफल कप्तान महेंद्र सिंह धोनी का करियर किसी हिंदी फिल्म से कम रोमांचक नहीं है। जब उनके साथ के खिलाड़ी टीम इंडिया के लिए 2003 विश्व कप खेल रहे थे, तब धोनी खड़गपुर स्टेशन पर टीसी का काम किया करते थे। लेकिन किस्मत ने ऐसी पलटी खाई कि ना केवल उन्हें टीम इंडिया में शामिल होने का मौका मिला, बल्कि साल 2007 में कई सीनियर खिलाड़ियों को होते हुए भी धोनी को टीम इंडिया का नया कप्तान बना दिया गया। धोनी की कप्तानी में 2007 टी20 विश्व कप खेलने गई युवा भारतीय टीम विजेता बनकर लौटी। लेकिन यहां हम आपको उस जीत से पहले की कहानी बताने जा रहे हैं, आखिर धोनी को 2007 में टीम इंडिया का कप्तान क्यों और कैसे बनाया गया।

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धोनी ने द प्रिंट को दिए एक एक्सक्लूसिव इंटरव्यू में इस बात का खुलासा किया। धोनी ने कहा, “जब मुझे कप्तान बनाने का फैसला किया गया तो मैं उस पूरी बातचीत का हिस्सा नहीं था। मेरा मानना है कि मेरी दूरदर्शिता या फिर शायद मेरी ईमानदारी और मेरी खेल को समझने की क्षमता की वजह से मुझे कप्तान बनाया गया।” टीम इंडिया के कई सीनियर खिलाड़ी धोनी की कप्तानी में खेल चुके हैं, इस दौरान धोनी ने सीनियर खिलाड़ियों के साथ कभी भी गलत व्यवहार नहीं किया। धोनी ने आगे कहा, “खेल को पढ़ना बहुत जरूरी है, हालांकि मैं उस समय टीम में युवा खिलाड़ी था, फिर भी जब किसी सीनियर खिलाड़ी के बारे में मुझसे पूछा जाता था तो मैं अपनी भावनाएं बताने से डरता या हिचकिचाता नहीं था। शायद मुझे इस वजह से भी चुना गया था क्योंकि उस समय सभी खिलाड़ियों के साथ मेरा व्यवहार अच्छा था।”

बाल दिवस के मौके पर लिए गए इस इंटरव्यू के दौरान धोनी ने ये भी खुलासा किया कि जब 2011 विश्व कप फाइनल मैच में वानखेड़े स्टेडियम में सभी दर्शक खड़े होकर वंदे मातरम गा रहे थे, वह उनकी जिंदगी का सबसे खास पल था।

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