एम एस धोनी © Getty Images
एम एस धोनी © Getty Images

टीम इंडिया के विकेटकीपर एम एस धोनी ने अभी हाल ही में श्रीलंका के खिलाफ वनडे सीरीज में स्टंपिंग का शतक पूरा किया है। धोनी ने युजवेंद्र चहल की गेंद पर अकिला दनंजया को स्टंप आउट कर ये ऐतिहासिक सफलता हासिल की थी। धोनी दुनिया के एकलौते विकेटकीपर हैं जिनके नाम वनडे में 100 स्टंपिंग्स हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि धोनी की स्टंपिंग का शिकार कौन था? धोनी के पहले स्टंपिंग शिकार बांग्लादेश के मिडिल ऑर्डर बल्लेबाज राजिन सालेह थे जिन्हें 2004 में सचिन तेंदुलकर की गेंद पर धोनी ने स्टंप आउट किया था। इस बात को 13 साल बीत चुके हैं लेकिन राजिन सालेह आज तक हैरान हैं कि आखिर उन्हें धोनी ने इतनी तेजी से स्टंप आउट कैसे किया?

दरअसल सालेह ने नफीस इकबाल के साथ बांग्लादेशी पारी की शुरुआत की थी और वो 82 रन बना चुके थे। इस दौरान सचिन तेंडुलकर की गेंद को खेलने की कोशिश में वो क्रीज से बाहर निकले और विकेट के पीछे एम एस धोनी ने बिजली की रफ्तार से उनकी गिल्लियां उड़ा दी। तस्वीरें देखकर सभी को ये लगा कि सालेह बोल्ड हुए हैं। टीवी कॉमेंटेटर्स को भी यही लगा लेकिन ये बोल्ड नहीं बल्कि स्टंप आउट था। विराट कोहली ने बदला खेलने का अंदाज, बन गए बाएं हाथ के बल्लेबाज!

धोनी की इस जबर्दस्त विकेटकीपिंग पर सालेह ने मिड डे को बयान दिया, ‘मैं ये जानकर हैरान रह गया कि किस तेजी से धोनी ने मुझे स्टंप किया था। उस वक्त धोनी अपने करियर की शुरुआत में ही थे, इसलिए मैं उन्हें एक आम विकेटकीपर समझने की गलती कर बैठा था। अब मुझे इस बात पर गर्व है कि मैं वनडे में स्टम्पिंग के रूप में उनका पहला शिकार था। वैसे उस शतक को चूकने का दर्द अभी भी कम नहीं हुआ है। उस वक्त भारतीय टीम में मेरे हीरो तेंडुलकर, गांगुली खेल रहे थे और मैं मजबूत भारतीय टीम के खिलाफ अच्छी बल्लेबाजी कर रहा था, इसलिए वो शतक चूकने का मुझे आज भी अफसोस है।’