MSK Prasad: Will consider Rohit Sharma as an opener; KL Rahul’s form is a matter of concern

चयन समिति के अध्यक्ष एमएसके प्रसाद ने संकेत दिए हैं कि रोहित शर्मा को भारत की टेस्ट प्लेइंग इलेवन में सलामी बल्लेबाज के रूप में मौका मिल सकता है जबकि केएल राहुल की फार्म चिंता का विषय बनी हुई है।

भारत की वनडे टीम के उप कप्तान रोहित पिछले कुछ समय से शानदार फार्म में चल रहे हैं लेकिन इसके बावजूद टीम में शामिल होने पर भी उन्हें वेस्टइंडीज के खिलाफ दो टेस्ट की सीरीज में खेलने का मौका नहीं मिला।

रोहित टेस्ट टीम में आम तौर पर मध्यक्रम के बल्लेबाज के रूप में खेलते हैं लेकिन वेस्टइंडीज के खिलाफ अजिंक्य रहाणे और हनुमा विहारी की सफलता के बाद संभावना है कि उन्हें टीम में सलामी बल्लेबाज के रूप में उतारा जा सकता है जिस भूमिका में वो सीमित ओवर फॉर्मेट में सफल रहे हैं।

प्रसाद ने ‘इंडिया टुडे’ से कहा, ‘‘चयन समिति के रूप में हमने वेस्टइंडीज दौरे के बाद मुलाकात नहीं की है। जब हम सब बैठक करेंगे तो निश्चित तौर पर इस पर (सलामी बल्लेबाज के रूप में रोहित को उतारना) विचार करेंगे और चर्चा करेंगे।’’

उन्होंने कहा, “केएल राहुल बेहद प्रतिभावान है। बेशक टेस्ट क्रिकेट में वो मुश्किल दौर से गुजर रहा है। निश्चित तौर पर हम उसकी फार्म को लेकर चिंतित हैं। उसे विकेट पर अधिक समय बिताना होगा और अपनी फार्म दोबारा हासिल करनी होगी।’’ वेस्टइंडीज के खिलाफ टेस्ट सीरीज में राहुल 13, 06, 44 और 38 रन की पारियां ही खेल पाए।

टी20 विश्व कप को देखते हुए कुलदीप-चहल को आराम

कुलदीप यादव और युजवेंद्र चहल को वेस्टइंडीज दौरे और अब दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ घरेलू सीरीज के लिए भी टी20 टीम में जगह नहीं मिलने पर प्रसाद ने कहा कि ये दोनों अगले साल ऑस्ट्रेलिया में होने वाले टी20 विश्व कप के लिए उनकी योजनाओं का हिस्सा बने रहेंगे।

दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 15 सितंबर से धर्मशाला में शुरू हो रही तीन टी20 मैचों की सीरीज के लिए राहुल चाहर और वाशिंगटन सुंदर को भारतीय टीम में शामिल किया गया है। ये दोनों स्पिनर पिछले महीने कैरेबियाई दौरे पर भी गए थे।

प्रसाद ने कहा, ‘‘हम टी20 विश्व कप को देखते हुए स्पिन गेंदबाजी विभाग में विविधता लाने के लिए युवाओं को आजमा रहे हैं। पिछले दो साल में चहल और कुलदीप ने सीमित ओवर फॉर्मेट में शानदार प्रदर्शन किया है। निश्चित तौर पर वो अब दौड़ में आगे हैं। बात सिर्फ इतनी सी है कि हम अब कुछ और विकल्पों को आजमा रहे हैं।’’