×

'मेरे बच्चे समझते हैं बेन-स्टोक्स क्या होता है', सहवाग ने कहा- BCCI अगर प्लेयर्स को बैन करे तो...

वीरेंद्र सहवाग ने कहा कि उनके बच्चे समझते हैं कि बेन स्टोक्स क्या होता है. उन्होंने कोहली और गंभीर पर कड़े ऐक्शन की बात कही. उन्होंने कहा कि जब इस तरह की घटनाओं पर कड़ा ऐक्शन लिया जाएगा तभी इन पर रोक लगेगी.

gambhir-kohli

virender sehwag wants strict action

नई दिल्ली: वीरेंद्र सहवाग (Virender Sehwag) का मानना है कि विराट कोहली (Virat Kohli) और गौतम गंभीर (Gautam Gambhir) को बेहतर व्यवहार दिखाना चाहिए. सोमवार को गंभीर और कोहली के बीच काफी बहस हो गई थी. इन दोनों के आक्रामक व्यवहार की कड़ी-आलोचना भी हुई थी. लखनऊ सुपर जायंट्स और रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर के बीच हुए मुकाबले के बाद ये दोनों आमने-सामने आ गए थे. कोहली और गंभीर के बीच पहली बार ऐसा नहीं हुआ है. दोनों के बीच रिश्तों की तल्खी का एक इतिहास रहा है. कोहली और गंभीर के बीच जो हुआ उससे उनके पूर्व साथी वीरेंदर सहवाग भी नाखुश दिखे.

सहवाग और गंभीर की जोड़ी भारत के लिए टेस्ट क्रिकेट में सबसे कामयाब सलामी जोड़ी रही. इसके साथ ही सहवाग ने विराट कोहली के साथ भी पांच साल अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेला. सहवाग ने दोनों को याद दिलाया कि भारतीय क्रिकेट में उनका क्या कद है और दोनों को खुद को बेहतर तरीके से संभालकर रखना चाहिए. सहवाग ने कोहली और गंभीर को आइकॉन बताया. उन्होंने कहा वे जो टीवी पर करेंगे उसका असर लाखों-करोड़ों फैंस पर भी पड़ सकता है.

उन्होंने कहा, ‘मैच खत्म होने के बाद मैंने टीवी बंद कर दिया. मुझे कोई आइडिया नहीं था कि मैच के बाद क्या हुआ. अगले दिन सुबह जब मैं सोकर उठा, तो मैंने सोशल मीडिया पर यह सारा बवाल देखा. जो हुआ वह सही नहीं था. जो हारा है उसे अपनी हार को स्वीकार करते हुए एक ओर हो जाना चाहिए और जीतने वाली टीम को सेलिब्रेट करना चाहिए. उन्हें एक-दूसरे को कुछ कहने की जरूरत ही क्यों है. मैं हमेशा एक बात कहता हूं कि ये लोग देश के आइकॉन हैं. अगर वे कुछ भी करते या कहते हैं, लाखों बच्चें जो उन्हें फॉलो करते हैं, वे शायद सोचें, ‘मेरे आइकॉन ने ऐसा किया, मैं भी करूंगा.’ तो अगर वे इस बात को दिमाग में रखेंगे तो इस तरह की घटनाओं पर काबू रहेगा.’

इस घटना के बाद हालांकि बीसीसीआई ने गंभीर और कोहली दोनों पर 100 फीसदी मैच फीस का फाइन लगा दिया था लेकिन सहवाग ने और कड़े ऐक्शन का सुझाव दिया है. पूर्व भारतीय बल्लेबाज का मानना है कि इस तरह की घटनाएं बहुत कम हो जाएंगी अगर बोर्ड लाइन क्रॉस करने पर खिलाड़ियों को सस्पेंड करना शुरू कर दे. आईपीएल में पहले भी कई बार इस तरह की घटनाएं हुई हैं. कायरन पोलार्ड और मिशेल स्टार्क, महेंद्र सिंह धोनी का अंपायर के फैसले का विरोध करते हुए मैदान पर आ जाना, ऋषभ पंत का भी ऐसा करना, हरभजन और श्रीसंत के बीच हुआ थप्पड़ विवाद और भी तमाम तरह की ऐसी घटनाएं हैं. और सहवाग का मानना है कि एक कड़ा ऐक्शन इस तरह की घटनाओं पर में कमी ला सकता है.

उन्होंने क्रिकबज के साथ बातचीत में कहा, ‘अगर बीसीसीआई सभी को बैन करने का फैसला कर ले, तो शायद इस तरह की घटनाएं कभी-कभार ही होंगी या बिलकुल नहीं होंगी. इस तरह की घटनाएं अतीत में भी कई बार हो चुकी हैं तो आप ड्रेसिंग रूम के नियंत्रित माहौल में जो कुछ करना चाहें करें. जब आप मैदान पर हों, तो ऐसी घटनाएं अच्छी नहीं लगतीं. मेरे अपने बच्चे लिप-रीड कर सकते हैं और वे अच्छी तरह समझते हैं कि बेन स्टोक्स क्या होता है. तो उस समय मुझे बुरा लगता है. तो अगर आप इस तरह की चीजें कह रहे हैं, अगर मेरे बच्चे समझ सकते हैं तो बाकी भी समझ सकते हैं और कल वे कहेंगे कि अगर वे (कोहली और गंभीर) ऐसा कह सकते हैं तो मैं भी कह सकता हूं.’

trending this week