Nagpur ODI: India will look to put pressure on already weak Australia
Kedar Jadhav, MS Dhoni (IANS)

हैदराबाद में  पहले मैच में रोमांचक जीत दर्ज करने के बाद भारतीय क्रिकेट टीम मंगलवार को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दूसरे वनडे मैच में विदर्भ क्रिकेट एसोसिएशन स्टेडियम में उतरेगी तो उसकी कोशिश अपनी बढ़त को दोगुना करने की होगी। वहीं लय हासिल करने की कोशिश में लगी ऑस्ट्रेलिया पांच मैचों की वनडे सीरीज में बराबरी का हर संभव प्रयास करेगी।

पहले मैच में भारत को आसानी से नहीं मिली थी, लेकिन इस जीत ने एक बार फिर साबित कर दिया था कि मध्यक्रम को लेकर भारत की चिंता लगभग दूर हो गई है। आसान से लक्ष्य का पीछा करते हुए भारत ने अपने चार विकेट 99 रनों पर ही खो दिए थे। इसके बाद टीम के सबसे अनुभवी बल्लेबाज महेंद्र सिंह धोनी और केदार जाधव ने बेहतरीन शतकीय साझेदारी कर मेजबान टीम को छह विकेट से जीत दिलाई थी।

ये भी पढ़ें: विराट कोहली को नंबर-वन बल्लेबाज के स्पॉट के हटाने के करीब पहुंचे केन विलियमसन

धोनी ने एक बार फिर साबित किया था कि उन्हें विश्व का सर्वश्रेष्ठ फिनिशर क्यों कहा जाता है। धोनी का जाधव ने बखूबी साथ दिया। जाधव के रूप में भारत को एक नया फिनिशर मिला है जो पुराने धोनी का स्थान लेने में सक्षम हैं। इन दोनों ने ऑस्ट्रेलिया में भी भारत को मुश्किल हालात से निकालते हुए जीते दिलाई थी। इन दोनों के रहते टीम को काफी मजबूती मिली है।

पहले मैच में शिखर धवन और अंबाती रायडू का बल्ला नहीं चला था। रोहित शर्मा और कप्तान विराट कोहली ने टीम के लिए जरूरी योगदान दिया था। कोहली हालांकि बल्लेबाजी में बदलाव करने के मूड में नहीं लग रहे हैं।

ये भी पढ़ें: ‘मैंने और चहल ने अश्विन, जडेजा को बाहर नहीं किया’

गेंदबाजी में एक बदलाव की उम्मीद की जा सकती है। कुलदीप यादव या रवींद्र जडेजा के स्थान पर लेग स्पिनर युजवेंद्र चहल प्लेइंग इलेवन में आ सकते हैं। पहले मैच में हालांकि जडेजा और कुलदीप दोनों ने अच्छी गेंदबाजी की थी। कुलदीप को दो विकेट मिले थे। वहीं जडेजा बेशक विकेट नहीं ले पाए थे लेकिन उन्होंने 10 ओवरों में महज 33 रन ही दिए थे।

ऑस्ट्रेलिया को बड़े स्कोर से पहले रोकने में बीच के ओवरों में इन दोनों की कसी हुई गेंदबाजी का अहम योगदान रहा था। तेज गेंदबाजी में जसप्रीत बुमराह, मोहम्मद शमी का खेलना लगभग तय है। विजय शंकर ने पहले मैच में हालांकि थोड़ा निराश किया था। गेंदबाजी में भारत के पास केदार जाधव का भी विकल्प है। जाधव ने पहले मैच में सात ओवरों में 31 रन देकर एक विकेट लिया था।

ये भी पढ़ें: विराट कोहली जैसे खिलाड़ी को आउट करने से आत्मविश्वास बढ़ा: एडम जम्पा

दूसरी तरफ अगर ऑस्ट्रेलिया की बात की जाए तो उसके लिए दोनों एरिया में चिंता है। गेंदबाजों ने मैच पर पकड़ बनाई लेकिन धीरे-धीरे उसे खो दिया। तो वहीं बल्लेबाज तेज गति से रन नहीं बना सके। कप्तान एरोन फिंच का बल्ला खामोश ही है जो मेहमानों टीम की सबसे बड़ी चिंता है। उस्मान ख्वाजा ने जरूर पहले मैच में अर्धशतक जमाया था लेकिन रनगति में तेजी नहीं दे पाए थे। मार्कस स्टोइनिस, ग्लैन मैक्सवेल ने भी रन तो किए थे लेकिन धीमी बल्लेबाजी की थी।

गेंदबाजी में पैट कमिंस अपनी बाउंस से भारतीय बल्लेबाजों को परेशान करने में सफल रहे थे लेकिन विकेट नहीं निकाल पाए थे। नाथन कुल्टर-नाइल, जेसन बेहरनडोर्फ को उनका साथ देना होगा। लेग स्पिनर एडम जम्पा पूरी तरह से विफल रहे थे। उनके स्थान पर टीम किसी और को मौका दे सकती है।