सचिन तेंदुलकर  © Getty Images
सचिन तेंदुलकर © Getty Images

करोड़ों क्रिकेट फैंस की ही तरह, माइक्रोसॉफ्ट के सीईओ सत्या नडेला भी सचिन तेंदुलकर के बहुत बड़े फैन हैं। सचिन तेंदुलकर ने कई पीढ़ियों को अपनी करिश्माई बल्लेबाजी का दीवाना बनाया। यही कारण है कि उनके संन्यास लेने के बाद लोगों के दिलों में वह आज भी जिंदा हैं। अक्सर जब लोगों से पूछा जाता है कि उनका फेवरेट बल्लेबाज कौन है तो लोग सचिन तेंदुलकर का नाम ले लेते हैं लेकिन जब सत्या नाडेला से यही सवाल पूछा गया तो उन्होंने कोई दूसरा नाम लिया। इंडिया टुडे कॉनक्लेव के दौरान एक रैपिड फायर राउंड में जब सत्या से सचिन और एम एल जयसिम्हा के बीच अपने फेवरेट बल्लेबाज को चुनने के लिए कहा गया तो उन्होंने कहा, “अरे ये कठिन है, लेकिन मैं हैदराबादी हूं और दिल से रंगीन मिजाज (रोमांटिक) हूं इसलिए जयसिम्हा।”

मोतगाहल्ली लक्ष्मीनारसु जयसिम्हा ने 1960 के दशक में कई युवा क्रिकेटरों को प्रेरित किया। उनके 13 साल करियर के दौरान, वह भारत के लिए 39 टेस्ट खेले और 2,000 से ज्यादा रन बनाए। सिकंदराबाद के इस खिलाड़ी को उनकी स्टाइलिश बैटिंग के लिए जाना जाता है। अपनी किताब ‘हिट रीफ्रेश’ में नाडेला ने अपने परिवार के साथ अपनी पसंद- नापसंद को लेकर आंतरिक कलह के बारे में जिक्र किया है।

नाडेला लिखते हैं, “एक बार, मेरे पिता ने कार्ल मार्क्स का पोस्टर मेरे कमरे में टांग दिया। इसपर प्रतिक्रिया देते हुए मेरी मां ने देवी लक्ष्मी की फोटो लगा दी। लेकिन मैं अपने कमरे में सिर्फ एक पोस्टर चाहता था और वह था क्रिकेटर एमएल जयसिम्हा का। जयसिम्हा उस समय अपने अच्छे लुक्स और स्टाइल के लिए अच्छे फेमस थे।”

जयसिम्हा का एक बड़ा फैन होने के नाते, नाडेला शुरू में खुद क्रिकेटर बनना चाहते थे। उन्होंने दिसंबर 2015 में बताया था,”मैंने भी अन्य कई भारतीयों की तरह क्रिकेटर बनने का सपना देखा था। मैं सुनील गावस्कर का बहुत बड़ा फैन हुआ करता था। वहीं बाद में जब सचिन तेंदुलकर खेले तो मैं उनका फैन बन गया।”