भारत के लिए फिर 'लकी चार्म' बना यह विदेशी गुरु, गुकेश को चैंपियन बनाने से पहले टीम इंडिया को भी जिता चुके हैं वर्ल्ड कप

भारत के लिए एक बार फिर पैडी अप्टन लकी चार्म बनकर सामने आए हैं. इस बार उनकी कोचिंग में गुकेश शतरंज के वर्ल्ड चैंपियन बने हैं.

Edited By : Saurav Kumar |Dec 12, 2024, 10:43 PM IST

Published On Dec 12, 2024, 10:43 PM IST

Last UpdatedDec 12, 2024, 10:43 PM IST

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Paddy Upton Lucky Charm For India: भारत के युवा शतरंज खिलाड़ी डी गुकेश ने सिंगापुर में हुई वर्ल्ड चेस चैंपियनशिप में इतिहास रच दिया है. गुकेश ने इस टूर्नामेंट के फाइनल मुकाबले में चीन के डिन लिरेन को हराकर वर्ल्ड चैंपयिनशिप का खिताब अपने नाम कर लिया.

वह विश्वनाथन आनंद के बाद भारत के दूसरे खिलाड़ी बने हैं जिन्होंने वर्ल्ड चैंपियन का खिताब अपने नाम किया. गुकेश की जीत के बाद हर कोई उनकी जमकर तारीफ कर रहा है. गुकेश की ऐतिहासिक जीतक के पीछे एक शख्स का खास हाथ रहा है जिसने उन्हें चैंपियन बनने में काफी मदद की. यह शख्स भारत के लकी चार्म की तरह है. आज हम आपको बताएंगे कौन है वो शख्स और कैसे वह भारत के लिए लकी चार्म है.

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कौन हैं भारत के लिए लकी चार्म

हम जिस खास शख्स की बात कर रहे हैं वह हैं पैडी अप्टन. पैडी मेंटल एंड कंडिशनिंग कोच हैं जो फिलहाल गुकेश के साथ काम कर रहे थे. पैडी अपने हुनर से खिलाड़ियों को मानसिक तौर पर काफी मजबूत बनाते हैं ताकि वह अपने सामने आने वाली हर चुनौतियों का सामना आसानी से कर सकें.

प्रेशर कितना भी हो उससे खिलाड़ी कैसे बाहर निकले यह सभी कला पैडी खिलाड़ियों को सिखाते हैं. पैडी ने गुकेश को भी इन परिस्थितियों का सामना करना सिखाया था. जिसका नतीजा अब सबके सामने है. पैडी से मिले ज्ञान का गुकेश को काफी फायदा हुआ और वह शतरंज के वर्ल्ड चैंपियन बन गए.

भारतीय क्रिकेट टीम को भी बना चुके हैं वर्ल्ड चैंपियन

गुकेश पहले व्यक्ति नहीं है जो पैडी की नेतृत्वता में चैंपियन बने हैं. पैडी अप्टन 2011 वनडे वर्ल्ड कप के दौरान भारतीय क्रिकेट टीम के मेंटल कंडिशनिंग कोच थे. यह वही साल था जब भारत ने इतिहास रचते हुए वर्ल्ड कप का खिताब अपने नाम किया था. क्रिकेट टीम के अलावा पैडी पेरिस ओलंपिक में भारतीय हॉकी टीम के साथ बतौर मेंटल कंडिशनिंग कोच के रूप में जुड़े थे. यहां भी पैडी के मार्गदर्शन में भारत को बड़ी कामयाबी मिली और टीम ने लगातार दूसरी बार ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया. पैडी के काम और उनके नतीजे को देखते हुए ही उन्हें भारत का लकी चार्म माना जाता है.

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