PCB does not have binding contract: Amitabh Chaudhary
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बीसीसीआई के कार्यवाहक सचिव अमिताभ चौधरी ने एक बार फिर भारतीय क्रिकेट बोर्ड के पुराने रुख को दोहराया कि बोर्ड ने बाईलैटरल सीरीज को लेकर कभी पीसीबी के साथ कोई कॉन्ट्रेक्ट नहीं साइन किया था। पाकिस्तान क्रिकेट अधिकारियों ने दावा किया है कि उनके भारतीय समकक्षों ने 2014 के सहमति पत्र का उल्लंघन किया है जिसके तहत 2015 से 2023 के बीच दोनों टीमों को छह बाईलैटरल सीरीज खेलनी थी।

पीसीबी ने मुआवजे के तौर पर सात करोड़ डालर की मांग की है और आईसीसी का तीन सदस्यीय पैनल अक्तूबर में इस मामले की सुनवाई करेगा। आईसीसी की तिमाही बैठक के दौरान चौधरी ने आज यहां कहा, ‘‘ये ‘स्टेटमेंट आफ इंटेंट’ है और कोई कॉन्ट्रेक्ट नहीं। ये कॉन्ट्रेक्ट नहीं है।’’ 9 अप्रैल 2014 को तत्कालीन सचिव संजय पटेल के पीसीबी अध्यक्ष नजम सेठी को लिखे पत्र के संदर्भ में उन्होंने कहा, ‘‘स्वदेश में उन पर दबाव है जिसे मैं समझ सकता हूं।’’

चौधरी ने कहा कि बीसीसीआई दिन-रात्रि टेस्ट की मेजबानी के मामले में पिछड़ रहा है और अक्तूबर में वेस्टइंडीज के खिलाफ सीरीज में हैदराबाद या राजकोट को गुलाबी गेंद के टेस्ट की मेजबानी सौंपी जा सकती है। उन्होंने कहा, ‘‘सिर्फ भारत और बांग्लादेश ने डे-नाइट टेस्ट नहीं खेला है। बाकी सभी देशों ने डे-नाइट टेस्ट खेल लिया है। इसका मतलब है कि हम पिछड़ रहे हैं। मैंने टीम मैनेजमेंट, चयनकर्ताओं, बीसीसीआई के पदाधिकारियों से बात की है और सभी सहमत हैं कि इस सत्र में वेस्टइंडीज के खिलाफ दो टेस्ट में से एक दिन-रात्रि मैच होना चाहिए।’’