प्रज्ञान ओझा और अशोक डिंडा आपस में भिड़ गए © AFP
प्रज्ञान ओझा और अशोक डिंडा आपस में भिड़ गए © AFP

भारत के लिए खेल चुके दो खिलाड़ी प्रज्ञान ओझा और अशोक डिंडा रणजी ट्रॉफी के दौरान आपस में भिड़ गए। ये दोनों खिलाड़ी राजकोट में तमिलनाडू और बंगाल के बीच होने वाले मुकाबले से पहले ट्रेनिंग सेशन के दौरान दोनों आपस में भिड़ गए और बात हाथापाई तक पहुंच गई। बंगाल क्रिकेट संघ के एक करीबी सूत्र के अनुसार यह वाकया तब हुआ जब बंगाल के खिलाड़ी फुटबॉल खेल रहे थे। ऐसा बताया जाता है कि डिंडा ने विरोधी टीम के कुछ खिलाड़ियों को टैकल किया और प्रेक्टिस सत्र के दौरान किसी भी खिलाड़ी को टैकल नहीं करते।

बंगाल क्रिकेट संघ के सीनियर अधिकारी ने बताया कि यह मुठभेड़ ओझा जो कि शांत व्यक्ति हैं की ओर से नहीं आई। यह डिंडा थे जिन्होंने करारा शाट लगाया जिसने ओझा के कानों में सरसराहट पैदा कर दी। वह चोटिल हो सकते थे और इसी चिढ़न में वो डिंडा पर चिल्लाए। इस पर डिंडा ने ओझा से बराबरी करने के लिए उन्हें धक्का दे दिया। वह जमीन पर गिर गए लेकिन तब तक अन्य खिलाड़ी इन दोनों खिलाड़ियों के बीच आ गए। सूत्र के मुताबिक डिंडा ने ओझा को आउट साइडर बुलाया। [भारत बनाम इंग्लैंड, पहला टेस्ट, हिंदी लाइव स्कोर]

यह वाकये की जानकारी बंगाल क्रिकेट संघ के प्रेसीडेंट सौरव गांगुली को दी गई और उन्होंने दोनों खिलाड़ियों को शांत रहने और आगे बढ़ने की सलाह दी। डिंडा पिछले 4-5 सीजन से बंगाल के स्ट्राइक गेंदबाज हैं और उनका टीम के साथी खिलाड़ियों से भिड़ने का रिकॉर्ड रहा है। 2008 में वह सहीब शंकर पॉल से भिड़ गए थे। 2009 में भी डिंडा विजय हजारे ट्रॉफी के दौरान सीनियर गेंदबाज रणदेव बोस से भिड़ गए। फिलहाल ये दोनों ही खिलाड़ी टीम से बाहर चल रहे हैं।

प्रज्ञान ओझा भारत के लिए 24 टेस्ट और 18 वनडे मैच खेल चुके हैं तो अशोक डिंडा सिर्फ वनडे मैचों में भारत के लिए हिस्सा ले पाए हैं, उन्हें टेस्ट मैच खेलने का मौका नहीं मिला है। डिंडा ने भारत के लिए कुल 13 वनडे मैच खेले हैं।