ravichandran ashwin talks about heroic innings at sydney against australia in 2020-21 series
अश्विन (टि्वटर)

भारतीय टीम ऑस्ट्रेलिया दौरे पर सिडनी टेस्ट (India vs Australia Sydney Test) में मुश्किल में थी। लेकिन रविचंद्रन अश्विन (Ravichandran Ashwin) और हनुमा विहारी (Hanuma Vihari) ने सीरीज के इस तीसरे टेस्ट में सुपरहीरो की पारी खेलकर मैच ड्रॉ करवाया था। 2020-21 के ऑस्ट्रेलिया दौरे पर दोनों ने 62 रन की साझेदारी की थी लेकिन इसके लिए 259 गेंद खेली थीं जिससे टीम मैच बचाने में कामयाब रही थी। इस ड्रॉ के चलते सीरीज उस समय 1-1 से बराबरी पर ही रही थी।

इस मैच के दौरान विहारी को हैमस्ट्रिंग में चोट लगी थी और अश्विन की पीठ में तेज दर्द था। लंच और टी ब्रेक के दौरान वह काफी संघर्ष भी कर रहे थे।

विहारी ने मैच में 161 गेंद पर 23 और अश्विन ने 128 गेंद पर 39 रन बनाए थे। दोनों बल्लेबाज नाबाद रहे थे। इन दोनों की साझेदारी ने ऑस्ट्रेलिया की मैच जीतने की चाहत को पूरा नहीं होने दिया था। सिडनी में ड्रॉ हुए टेस्ट के बाद दोनों टीमें ब्रिसबेन पहुंचीं थीं, यहां भारत ने कई बड़े खिलाड़ियों के चोटिल होने के बावजूद शानदार जीत हासिल की थी। भारत ने सीरीज 2-1 से अपने नाम की थी।

अश्विन ने इस शानदार पारी के बारे में बात की है। उन्होंने कहा है कि हनुमा विहारी के साथ अच्छी बातचीत ही इस साझेदारी की कामयाबी की मुख्य वजह थी। उन्होंने समाचार एजेंसी एएनआई के साथ बातचीत में कहा, ‘जैसे ही हम मैदान पर उतरे तो सहज हो गए। हमें पता था कि हमारे सामने क्या समस्या है। वह आगे नहीं आ सकते थे। वह हैमस्ट्रिंग इंजरी से जूझ रहे थे। जब मैं क्रीज पर गया तो तेज गेंदबाजों के सामने मैं आगे नहीं आ सकता था। तो इस परिस्थिति में, मैंने उनसे कहा कि हम स्ट्राइक बदलते रहते हैं, देखते हैं कि यह काम करता है कि नहीं।’

उन्होंने आगे कहा, ‘कुछ समय बाद वह पेसर्स का सामना कर रहे थे और मैं स्पिनर्स को खेल रहा था। इसी तरह हमने कुछ ओवर गेंदबाजी की। हम दोनों के बीच में लगातार बात हो रही थी। हम एक-दूसरे की मदद कर रहे थे।’

अश्विन गाबा में हुए सीरीज के चौथे टेस्ट मैच में नहीं खेल पाए थे। सिडनी में लगी चोट के चलते उन्हें सीरीज के निर्णायक मैच से बाहर होना पड़ा था। उन्होंने खुलासा किया कि वह मैच में ‘रेंगते’ हुए गए थे, उनकी बीवी और बच्चों ने उनकी मदद की थी। अश्विन सीरीज में भारत के लिए सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाजों की लिस्ट में दूसरे नंबर पर रहे। तीन मैचों में उन्होंने 12 विकेट अपने नाम किए।

अश्विन ने आगे कहा, ‘मेरे लिए यह हैरानी की बात थी मैं चोट लगने के बाद पेनकिलर्स खाकर गेंदबाजी करता रहा। मैंने लगातार 13-14 ओवर फेंके। यह इतना बुरा था कि मैं दर्द के मारे जमीन पर लेटकर कराह रहा था। मेरी पत्नी और बच्चों ने मुझे खड़े होने में मदद की और फिर फिजियो ने आकर मुझे देखा। मैं मैच में रेंगते हुए पहुंचा लेकिन अपना सर्वश्रेष्ठ दिया।’