इंग्लैंड के खिलाफ मोटेरा में होने वाले सीरीज के तीसरे टेस्ट मैच में अगर टीम इंडिया जीत हासिल कर पाती है तो विराट कोहली (Virat Kohli) पूर्व दिग्गज महेंद्र सिंह धोनी (MS Dhoni) को पीछे छोड़कर घरेलू सरजमीं पर सर्वाधिक टेस्ट मैच जीतने वाले कप्तान बन जाएंगे।

कप्तान कोहली ने चेन्नई में दूसरे टेस्ट में घरेलू सरजमीं पर कप्तान के रूप में सर्वाधिक 21 जीत के धोनी के रिकॉर्ड की बराबरी की थी और 24 फरवरी से शुरू होने वाले तीसरे मैच में जीत हासिल कर वो धोनी से आगे निकल जाएंगे। हालांकि भारतीय कप्तान का कहना है कि उनके लिए ये रिकॉर्ड मायने नहीं रखता।

पिंक बॉल टेस्ट से पहले वर्चुअल प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कोहली ने कहा, “बतौर कप्तान रिकॉर्ड कोई मायने नहीं रखते। ये एक जिम्मेदारी है, अपना सर्वश्रेष्ठ करने की। ये रिकॉर्ड आपको बाहर से अच्छा दिखाते हैं लेकिन इससे फर्क नहीं पड़ता।”

वैसे टीम इंडिया के लिए इस मैच जीत हासिल करना ना केवल कोहली के रिकॉर्ड के लिए जरूरी है बल्कि भारत के विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल में पहुंचने की उम्मीद भी इस जीत पर निर्भर है।

टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल में क्वालीफाई करने के लिए टीम इंडिया को ये सीरीज 2-1 या 3-1 से जीतने की जरूरत है। अगर टीम इंडिया तीसरा मैच जीत जाती है तो चौथा मैच ड्रॉ होने पर भी भारत फाइनल में पहुंच जाएगा हालांकि कोहली को जीत से कम कुछ भी स्वीकार नहीं है।

कप्तान ने कहा, ‘‘हमारी नजरें एक मैच जीतने और एक ड्रॉ कराने पर नहीं हैं। हम दोनों मैच जीतने की कोशिश करेंगे। हमारे लिए ये क्रिकेट के दो मुकाबले हैं और हमारा ध्यान सिर्फ इसी पर है। इसके बाद जो होगा वो बाद की बात है।’’