ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दो अहम पारियां खेलकर टीम इंडिया के युवा विकेटकीपर बल्लेबाज रिषभ पंत (Rishabh Pant) इन दिनों विश्वास से भरे हुए हैं. बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी (Border Gavaskar Trophy) में भारत की जीत में अहम योगदान निभाने वाला यह बल्लेबाज टीम के बाकी साथियों के साथ गुरुवार स्वदेश लौट आया है. दिल्ली पहुंचकर पंत ने पत्रकारों से हुई बातचीत में कहा कि वह नहीं चाहते कि किसी दूसरे खिलाड़ी से उनकी तुलना की जाए. वह भारतीय क्रिकेट में अपनी खुद की पहचान बनाना चाहते हैं.

पंत ने कहा कि वैसे वह धोनी जैसे महान खिलाड़ी से अपनी तुलना पर खुश हैं. लेकिन अपनी एक अलग पहचान बनाना चाहते हैं. पंत की अक्सर दो बार के वर्ल्ड चैंपियन कप्तान धोनी से तुलना की जाती रही है. इस लेफ्टहैंडर बल्लेबाज ने ब्रिसबेन टेस्ट की चौथी पारी में नाबाद 89 रन ठोककर भारत को चौथे टेस्ट में यादगार जीत दिलाई. ब्रिसबेन के अलावा उन्होंने सिडनी में भी 97 रन की अहम पारी खेली थी. यह टेस्ट मैच ड्रॉ हो गया था.

ऑस्ट्रेलिया का दौरा खत्म कर दिल्ली पहुंचे पंत ने पत्रकारों से बातचीत में कहा, ‘आपकी तुलना जब धोनी जैसे खिलाड़ी से की जाती है तो बहुत अच्छा लगता है और आप मेरी तुलना उनसे करते हैं.’

23 वर्षीय इस विकेटकीपर बल्लेबाज ने कहा, ‘यह शानदार है लेकिन मैं नहीं चाहता कि मेरी किसी से तुलना की जाए. मैं भारतीय क्रिकेट में अपनी अलग पहचान बनाना चाहता हूं. और वैसे भी किसी युवा खिलाड़ी की किसी दिग्गज से तुलना करना सही नहीं है.’

भारत के लिए यह सीरीज यादगार रही है. वह एडिलेट टेस्ट हारकर सीरीज में 0-1 से पिछड़ चुका था. लेकिन सीरीज के अंतिम मैच तक उसने हार नहीं मानी और यह सीरीज उसने 2-1 से अपने नाम की.

इनपुट : भाषा